डेल्फी टीवीएस संयुक्त कर्मकार यूनियन के बैनर तले दस कर्मचारियों की भूख हड़ताल चौथे दिन भी जारी रही। भूख हड़ताल में बैठे दो कर्मचारियों की तबियत बिगड़ी, मगर उन्होंने अस्पताल जाने से इनकार कर दिया। इधर हड़ताली कर्मचारियों को इंसाफ दिलाने के लिए उनके परिजन भी धरने पर बैठे। उन्होंने बच्चों के साथ डीएम से मिलकर न्याय दिलाने की मांग की।
कलेक्ट्रेट परिसर में भूख हड़ताल में बैठे दस कर्मचारियों में से दीप चंद्र और मोहित की तबियत बिगड़ गई। मोहित को तो कई बार उल्टियां भी हुई। लेकिन दोनों ने अस्पताल जाने से इनकार कर दिया। इधर मंगलवार को धरने के 95 वें दिन कर्मचारियों के परिजन भी धरनास्थल पर पहुंचे।
पहले उन्होंने अपने बच्चों के साथ धरना दिया और फिर डीएम अक्षत गुप्ता से मुलाकात की। परिजनों ने कहा कि श्रमिकों को अनशन में बैठे चौथा दिन हो चुका है, मगर प्रबंधन जिद छोड़ने को तैयार नहीं है। प्रशासन भी कर्मचारियों को न्याय नहीं दिला पा रहा है।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री हरीश रावत ने भी श्रमिकों को न्याय दिलाने के निर्देश अफसरों को दिए थे, मगर अभी तक कुछ नहीं हो सका है। फैक्ट्री प्रबंधन ने मानवता को भी दरकिनार कर दिया है। डीएम ने कहा कि मसले को हल करने का प्रयास किया जा रहा है। इस मौके पर कैलाश, ललित, दीपक, महेश, पीयूष, त्रिभुवन, गणेश मेहरा, आनंद नेगी, संजय, लता बजेठा, कुसुम सहित अनेक मौजूद रहे।