काशीपुर। खिलाड़ियों को बेहतर प्रशिक्षण मुहैया कराने को खेल विभाग कितना संजीदा है, इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि करीब तीन साल बाद भी स्टेडियम की गिरी दीवार का निर्माण नहीं कराया जा सका है। इससे अराजक तत्वों के स्टेडियम में प्रवेश की संभावना बनी हुई है।
चार दशक पूर्व रामनगर रोड पर स्टेडियम का निर्माण किया गया था। उस समय ही चहारदीवारी बनाई गई थी, लेकिन देखरेख के अभाव में दीवारों की हालत भी खस्ता होती चली गई। करीब तीन साल पूर्व स्टेडियम के मुख्य भवन के पास से शौचालय तक करीब पचास मीटर दीवार बरसात के दौरान गिर गई थी।
कुछ समय बाद ही तत्कालीन उप क्रीड़ाधिकारी का स्थानांतरण हो गया। इसके बाद काफी समय तक दीवार का मलबा ऐसे ही पड़ा रहा। इसे उठवाने तक का प्रयास नहीं किया गया।
जिले से भी अधिकारी निरीक्षण करके चले जाते रहे। आसपास से लोग मॉर्निंग वॉक करने और अराजक तत्व भी प्रवेश करने लगे। इनकी रोकथाम के लिए डेढ़ साल पूर्व टिन की चादरें लगाकर इस हिस्से को बंद किया गया। कई बार जिले के संबंधित अधिकारी से दीवार बनवाने की डिमांड की गई, लेकिन समस्या का समाधान आज तक नहीं हो सका।