गदरपुर। ठेका प्रथा समाप्त कर आउटसोर्स व्यवस्था के तहत नियुक्ति की मांग पर पिछले 10 दिनों से आंदोलनरत नगर पालिका के पर्यावरण मित्रों ने शुक्रवार को आंदोलन तेज करते हुए नगर पालिका कार्यालय के मुख्य गेट के बाहर कूड़ा डालकर विरोध प्रदर्शन किया। सूचना मिलने पर पुलिस और प्रशासनिक टीम मौके पर पहुंची लेकिन तब तक प्रदर्शनकारी वहां से जा चुके थे।
देवभूमि उत्तराखंड सफाई कर्मचारी संघ के बैनर तले चल रहे आंदोलन के तहत शुक्रवार को कर्मचारी नगर पालिका गेट पर धरने पर बैठे और पालिका प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। कर्मचारियों ने चेतावनी दी थी कि यदि उनकी मांगों पर तत्काल निर्णय नहीं लिया गया तो दोपहर बाद नगर पालिका गेट के सामने कूड़ा डालकर विरोध जताया जाएगा।
वार्ता के दौरान ईओ कैलाश सिंह पटवाल ने कर्मचारियों को बताया कि शासन के प्रचलित नियमों के अनुसार नगर पालिका में केवल 16 कर्मचारियों को ही आउटसोर्स व्यवस्था के तहत रखा जा सकता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि पालिका प्रशासन नियमों के दायरे में रहकर ही निर्णय ले सकता है।
ठेकेदार ने आरोप लगाया कि जिन नए कर्मचारियों को सफाई कार्य के लिए लगाया गया है उन्हें भी आंदोलनरत कर्मचारी काम नहीं करने दे रहे हैं। इस दौरान एसआई प्रदीप शर्मा ने कर्मचारियों को समझाते हुए बताया कि ठेकेदार की ओर से मामला हाईकोर्ट में विचाराधीन है। न्यायालय का आदेश आने के बाद सभी पक्षों के साथ बैठकर आगे की कार्रवाई और समाधान पर चर्चा की जाएगी।
शाम करीब पांच बजे आंदोलनरत कर्मचारियों ने चार रिक्शा कूड़ा नगर पालिका गेट के सामने डालकर विरोध प्रदर्शन किया। सूचना पर कोतवाल भूपेंद्र सिंह बृजवाल पुलिस बल और प्रशासनिक टीम के साथ मौके पर पहुंचे लेकिन तब तक प्रदर्शनकारी वहां से जा चुके थे। संवाद