पंतनगर सिडकुल की सोने को तरासने वाली राजेश एक्सपोर्ट लिमिटेड से 17 किलो सोना गबन का मामला अब प्रधानमंत्री कार्यालय तक पहुंच गया है। वहीं इस मामले में अब पुलिस मुख्यालय देहरादून से भी बड़ी कार्रवाई की तैयारी शुरू हो गई है। एसटीएफ की दो टीमों ने रुद्रपुर में डेरा डाल दिया है।
हालांकि अभी देहरादून से रुद्रपुर पहुंची एसटीएफ का स्थानीय पुलिस से कोई संपर्क नहीं हुआ है। बताया जा रहा है कि एसटीएफ इस मामले में सीधे पुलिस मुख्यालय को ही रिपोर्ट करेगी। उधर पुलिस ने बृहस्पतिवार को अभी सोने की फैक्ट्री के आरोपी प्लांट हेड से 164 के बयान दर्ज नहीं कराए हैं। इस मामले में स्थानीय पुलिस के कुछ अफसरों पर गाज गिरना तय माना जा रहा है। खास बात यह है कि पुलिस की जांच में जिन सर्राफा व्यापारियों के नाम सामने आ रहे हैं उनमें अधिकांश गिरफ्तारी के डर से अंडरग्राउंड हो गए हैं।
एसएसपी अनंत शंकर ताकवाले का कहना है कि अभी माल की रिकवरी नहीं हो पाई है, लेकिन पुलिस की टीमें दबिश और जांच में जुटी हैं। उन्होंने माना कि यह मामला अब हल्का नहीं रहा बल्कि पीएमओ तक पहुंच चुका है, इसलिए अब किसी भी आरोपी का बचना मुश्किल है।
आज होंगे 164 के बयान दर्ज, कोर्ट से मिली तारीख
सोने की फैक्ट्री से 17 किलो सोना गायब करने वाले आरोपी प्लांट हेड रमेश सती के 164 में सीजेएम कोर्ट में शुक्रवार को बयान होंगे। कोर्ट ने 22 जुलाई की तारीख सुनिश्चित की है। डीआईजी कुमाऊं पीएस सैलाल ने बताया कि आरोपी को शुक्रवार को पुलिस सीजेएम कोर्ट में पेश करेगी जहां जज के समक्ष उसके सीधे बयान दर्ज होंगे। इसके बाद से जो भी आरोपी होंगे पुलिस उनकी धरपकड़ को दबिश देगी। पुलिस सूत्रों का कहना है कि शहर के तीन सर्राफा व्यापारियों के अलावा एक अन्य व्यक्ति का नाम भी सामने आया है।
पांच सितारा होटल में भी हुई थी बैठक
17 किलो सोने के गबन के मामले में कुछ आरोपियों को बचाने के लिए एक सप्ताह पहले पांच सितारा होटल में भी बैठक हुई। सूत्रों के मुताबिक बैठक में आरोपियों को बचाने के लिए मोटी रकम भी तय हो गई थी, लेकिन पुलिस की कार्रवाई दिनोंदिन तेज होती देख सभी ताने बाने बेकार साबित होने लगे। पुलिस सूत्रों का कहना है कि जिस पांच सितारा होटल में बैठक हुई इसमें शहर के एक बड़े कालोनाइजर और एक मंत्री के बेटे ने आरोपियों को बचाने का प्रयास किया था। एसएसपी आफिस और कलक्ट्रेट सभागार में भी बृहस्पतिवार को इस बात की चर्चा जोरों पर रही। उधर खुफिया विभाग की रिपोर्ट में भी कई बड़े मामले दर्ज बताए जा रहे हैं।