गदरपुर। आधी रात को बीच सड़क पर कार चालक और दो ट्रक चालकों के साथ हुई मारपीट और लूटपाट की घटना में शामिल चार बदमाशों को पुलिस ने धर दबोचा है। चारों बदमाश यूपी के बिलासपुर क्षेत्र के रहने वाले हैं, जो किसी बड़ी घटना को अंजाम देने की फिराक में थे। पुलिस ने बदमाशों के कब्जे से दो तमंचे, दो चाकू, दो जिंदा कारतूस, पर्स, डीएल, आधार कार्ड एवं 10,000 रुपये की नकदी के अलावा घटना में प्रयुक्त कार भी बरामद किया है।
रविवार को थाना गदरपुर में पत्रकारों से वार्ता में सीओ वंदना वर्मा ने बताया कि बीते शुक्रवार की रात करीब 12:45 बजे वैशाली कॉलोनी वार्ड नंबर पांच गदरपुर निवासी कपिल अनेजा कार से रुद्रपुर से घर लौट रहे थे। महतोष मोड़ के पास चार युवकों ने कपिल को रोका। बदमाशों ने तमंचे और चाकू की नोक पर कपिल से 5500 रुपये लूटते हुए मारपीट, गालीगलौज और जान से मारने की धमकी दी।
इसके बाद बदमाशों ने पीछे आ रहे ट्रक चालक को भी रोककर उसके साथ मारपीट कर उसकी जेब से पर्स निकाल लिया और वाहनों में तोड़फोड़ कर भाग गए थे। कपिल की तहरीर पर पुलिस ने चार अज्ञात लोगों के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मुकदमा पंजीकृत किया था। एसएसपी मंजूनाथ टीसी ने पुलिस टीमों को आवश्यक दिशा निर्देश देकर बदमाशों की खोजबीन के लिए लगाया था।
शनिवार की देर शाम मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने गदरपुर क्षेत्र से एक कार (यूए 06 एफ 5101) में सवार ग्राम सिरसखेड़ा, थाना बिलासपुर रामपुर निवासी जसविंदर सिंह (24), ग्राम गुलरिया थाना बिलासपुर रामपुर निवासी सिमरजीत सिंह (22), ग्राम अजीतपुर खेड़ा, लाल मस्जिद के पास सिविल लाइंस, रामपुर निवासी अरुण सैनी (20) एवं ग्राम सिकरोड़ा थाना बिलासपुर जिला रामपुर निवासी जगजीत सिंह (20) को दबोच लिया। आरोपियों के पास से पुलिस ने दो तमंचे, दो चाकू, दो कारतूस और नकदी बरामद की। साथ ही आरोपियों की कार को सीज कर दिया गया है।
पूछताछ में चारों युवकों ने कार व ट्रक चालकों केे साथ गालीगलौज, मारपीट और लूटपाट की घटना को अंजाम दिए जाने की बात स्वीकार की। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ शस्त्र अधिनियम के तहत भी मुकदमा पंजीकृत किया। सीओ वंदना वर्मा ने बताया कि आरोपियों के आपराधिक इतिहास के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है।
बदमाशों को पकड़ने वाली पुलिस टीम में प्रभारी निरीक्षक विजेंद्र शाह, एसआई ओमप्रकाश, सुनील सुतेड़ी, गौरव जोशी, सिपाही विमल टम्टा, लालता प्रसाद, गोरखनाथ, मोहन बोरा, कैलाश चंद, इमरान अंसारी एवं एसपीओ रवि पासवान शामिल थे। संवाद
अपराधियों के लिए मुफीद साबित हो रहे लिंक मार्ग
गदरपुर। राहगीरों और वाहन चालकों के साथ लूटपाट की घटनाओं को अंजाम देने वाले बदमाशों के लिए उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के सीमावर्ती क्षेत्रों को जोड़ने वाले लिंक मार्ग काफी मुफीद साबित होते हैं। कई बार वाहन चालकों के साथ मारपीट और लूटपाट की घटनाएं होती रहती हैं। पुलिस के पहुंचने तक अपराधी बिना सुरक्षा इंतजाम वाले लिंक मार्गों का सहारा लेकर भाग निकलते हैं।
ज्यादातर लिंक मार्गों पर नहीं है पुलिस के चेकपोस्ट
गदरपुर। एनएच-74 से जुड़े प्रेम नगर-अलखदेवी-मनुनगर मार्ग, केशवगढ़-गुमचैया मार्ग, अमरपुरी-आर्यनगर मार्ग, गदरपुरा-कुलवंत नगर मार्ग, कनकटा-पीपली वन मार्ग जैसे ज्यादातर लिंक मार्गों पर पुलिस के चेक पोस्ट न के बराबर हैं। सिर्फ महतोष-नवाबगंज बिलासपुर मार्ग एवं सकैनिया-मिलकखानम मार्ग पर पुलिस चेक पोस्ट हैं। कई लिंक मार्गों पर न तो नियमित गश्त होती है और न ही किसी प्रकार की कोई रोक-टोक है। ऐसे में उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के सीमावर्ती क्षेत्रों के अपराधी प्रवृत्ति के लोग आपराधिक घटनाओं को अंजाम देने के बाद आसानी से भाग निकलने में कामयाब हो जाते हैं।