रुद्रपुर। रोडवेज डिपो में बसों की कमी का फायदा अन्य राज्यों के परिवहन निगम की बसों चालक-परिचालक उठा रहे हैं। बाहरी राज्यों की 88 बसों का संचालन होता है। इसमें अकेले उत्तर प्रदेश की 70 बस हैं।
बसों की कमी का सामना कर रहे डिपो की 10 बसें डेढ़ साल पहले नीलाम हो गई थीं। इनके बदले भी डिपो को नई बसों का आवंटन नहीं हुआ। तब डिपो के बसों का बेड़ा 51 का था। शेष 41 बसों के बेड़े में से 11 की कुछ दिन पूर्व नीलाम करने की संस्तुति की जा चुकी है। डिपो के बेड़े में अब 30 बस रह गई हैं। यह बस भी वर्ष 2019-20 मॉडल की हैं।
इसका फायदा उत्तर प्रदेश परिवहन निगम के साथ ही पंजाब, हरियाणा, हिमाचल परिवहन निगम की बसें उठा रही हैं। यहां यूपी परिवहन निगम की 70 बसों का संचालन होता है। पंजाब की 12, हरियाणा की छह बसों का संचालन होता है। डिपो की खस्ताहाल व्यवस्था का लाभ बाहरी राज्यों की बसों को मिल रहा है। खासकर उत्तर प्रदेश परिवहन निगम की बसें रुद्रपुर डिपो में बसों की कमी का लाभ उठा रही हैं। आसपास के स्टेशनों के यात्री तक यूपी की बसें उठा ले जाती हैं।
डिपो को अनुबंधित बसों का सहारा
रोडवेज डिपो की यात्री परिवहन सेवा अनुबंधित बसों के भरोसे चल रही है। डिपो से 52 अनुबंधित बसों का संचालन होता है। अनुबंधित बसों को लंबी दूरी वाले रूटों पर चलाया जाता है।
-कोट:
डिपो के लिए नई बस आवंटित कराने के प्रयास किए जा रहे हैं। आने वाले दिनों में नई बसों की खरीद होने पर डिपो को भी बसों का आवंटन होगा। - श्रीराम कौशल, सहायक महाप्रबंधक, रोडवेज डिपो रुद्रपुर