भारतीय जनता पार्टी के ऊधमसिंह नगर में जिलाध्यक्ष का चुनाव इस बार पूरी तरह गरमा गया है। 19 लोगों की दावेदारी ने प्रदेश संगठन और संघ के लिए खासी मुसीबत खड़ी कर दी है।
जहां संघ की पहली पसंद शिव अरोरा माने जा रहे हैं वहीं 18 और लोगों की दावेदारी ने पार्टी के भीतर घमासान मचा दिया है। यही कारण है कि बृहस्पतिवार को पार्टी के पूर्व प्रदेश महामंत्री और वर्तमान में जिला चुनाव अधिकारी मयंक गुप्ता ने जिले के तीन स्थानों पर अलग-अलग बैठक कर गहन मंथन किया है।
जिला चुनाव अधिकारी ने सबसे पहले नानकमत्ता में मंथन बैठक की, वहीं शाम को किच्छा में भी मंथन बैठक का दौर चला और आखिरकार देर रात रुद्रपुर में भी गहन मंथन किया गया है।
खास बात यह है कि जिलाध्यक्ष के लिए रुद्रपुर शहर से ही 13 लोग अपनी दावेदारी जता रहे हैं, इनमें भाजपा किसान मोर्चा के प्रदेश संयोजक हितेंद्र त्रिपाठी, वर्तमान जिलाध्यक्ष उत्तमदत्ता, अनिल चौहान, भारत भूषण चुघ, घनश्याम श्यामपरिया प्रबल दावेदार माने जा रहे हैं।
जबकि किच्छा से दो लोगों सुभाष तनेजा और सुरेश पपनेजा की दावेदारी है। वहीं खटीमा से भी दो लोग नंदन सिंह खड़ायत और गोपाल बोरा प्रबल दावेदारी में माने जा रहे हैं, सितारगंज से एक मात्र कमल जिंदल भी मैदान में हैं।
फिलहाल शिव अरोरा की ओर संघ के झुकाव के चलते अन्य दावेदारों में यशपाल घई, विकास शर्मा, सुरेश पपनेजा, दिलीप बोरा, दिलीप अधिकारी, केके दास, विवेक सक्सेना, नत्थूलाल गुप्ता और शक्तिफार्म से अनिरुद्ध राय भी मैदान में हैं। गहन मंत्रणा के बाद क्या परिणाम निकलेगा यह तो प्रदेश संगठन पर निर्भर करता है, लेकिन यह चर्चा जोरों पर है कि इस बार ऊधमसिंह नगर में भाजपा जिलाध्यक्ष के लिए चुनाव की प्रक्रिया काफी गरमाई हुई है।
पार्टी सूत्रों की मानें तो जिला चुनाव अधिकारी द्वारा जिले के तीन स्थानों पर की गई मंथन बैठक के बाद और संघ के इशारों की तरफ चलें तो लगभग-लगभग भाजपा सीए प्रकोष्ठ के प्रदेश संयोजक और संघ के पुराने सिपाही शिव अरोरा का नाम पैनल सूची में चला गया है। भाजपा के पुराने नेताओं में भी शिव अरोरा के नाम की ही चर्चा रही है।