रुद्रपुर। निजी स्कूल अभिभावकों को एक ही दुकान से महंगी पाठ्यपुस्तकें, कॉपियां, स्कूल बैग, जूते और अन्य स्टेशनरी खरीदने के लिए मजबूर कर रहे हैं। लगातार शिकायतें सामने आने पर शिक्षा विभाग सख्त हो गया है और ऐसे स्कूलों पर कार्रवाई की तैयारी कर रहा है।
कई अभिभावकों ने इस बात पर चिंता जताई है कि स्कूल प्रबंधन उन्हें अपनी पसंद की दुकानों से खरीदारी करने की अनुमति नहीं देते। इसके बजाय उन्हें स्कूल द्वारा सुझाए गए या उनसे जुड़े हुए विशेष दुकानों से ही सभी आवश्यक सामग्री खरीदने के लिए बाध्य किया जाता है जिससे अभिभावकों पर अतिरिक्त वित्तीय बोझ पड़ रहा है। शिकायतों पर संज्ञान लेते हुए शिक्षा विभाग ने मामले की जांच शुरू कर दी है। प्रभारी सीईओ हरेंद्र कुमार मिश्रा का कहना है कि मनमानी किसी स्कूल की चलने नहीं दी जाएगी। पहले ही स्कूलों को निर्देश दिए हैं कि वह किसी को पुस्तक व ड्रेस के लिए बाध्य नहीं करेंगे। संवाद