रुद्रपुर। जिले के सरकारी अस्पतालों में डॉक्टरों की भारी कमी स्थानीय जनता की सेहत पर भारी पड़ रही है। इस संकट के बीच चिकित्सकों की चारधाम यात्रा में लगातार लग रही ड्यूटी ने स्वास्थ्य व्यवस्था की मुश्किलें और बढ़ा दी हैं।
ऊधमसिंह नगर जिले की स्वास्थ्य व्यवस्था पहले से ही स्टाफ की कमी से जूझ रही है। जनपद के मुख्य जिला अस्पताल, तीन उप-जिला अस्पतालों, पांच सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों और 32 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों को मिलाकर डॉक्टरों के कुल 243 पद स्वीकृत हैं। इन पदों के सापेक्ष वर्तमान में केवल 110 डॉक्टर ही तैनात हैं जबकि 133 पद लंबे समय से खाली चल रहे हैं।
दो चरणों में 29 डॉक्टरों की लगी ड्यूटी
मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार डॉक्टरों की इस कमी के बावजूद चारधाम यात्रा को सुचारू रूप से चलाने के लिए जिले से लगातार चिकित्सकों को भेजा जा रहा है। बताया गया कि पहले चरण में बीते 20 अप्रैल से 17 मई के बीच जिले के विभिन्न अस्पतालों से 17 चिकित्सक चारधाम यात्रा में अपनी सेवाएं दे चुके हैं। अब दूसरे चरण में आगामी 30 मई से 18 जुलाई के बीच रोस्टर के आधार पर 12 और डॉक्टरों की ड्यूटी चारधाम यात्रा में लगाई जाएगी।
15 दिन के लिए यात्रा मार्ग पर देनी होगी ड्यूटी
रोस्टर के तहत प्रत्येक चिकित्सक को लगभग एक पखवाड़े (15 दिन) के लिए यात्रा मार्ग पर तैनात किया जा रहा है जिससे जिले के अस्पतालों में डॉक्टरों की कमी और ज्यादा गहरा गई है।
आधिकारिक बयान
शासन के निर्देशानुसार रोस्टर के तहत अलग-अलग अस्पतालों के डॉक्टरों की ड्यूटी चारधाम यात्रा में लगाई जा रही है। हमारा पूरा प्रयास है कि इस व्यवस्था से जिले के स्थानीय अस्पतालों की चिकित्सा सेवाओं और मरीजों पर कोई प्रतिकूल असर न पड़े। - डॉ. केके अग्रवाल, सीएमओ, ऊधमसिंह नगर