नवजात शिशुओं की मृत्युदर कम करने के लिए स्वास्थ्य निदेशालय की ओर से जिला चिकित्सालय में सिक न्यू बोर्न केयर यूनिट (एसएनसीयू) खोलने की संस्तुति की गई थी। केंद्र पर स्टाफ भी तैनात किए गए, लेकिन एक साल बाद भी सेंटरों को जरूरी उपकरण नहीं मिल पाए हैं।
जिला चिकित्सालय में सालभर पहले अन्य अस्पतालों की भांति ही एसएनसीयू खोला गया था, जिसमें कुपोषित, कमजोर, निमोनिया, पीलिया और सांस आदि की बीमारी के साथ पैदा होने वाले बच्चों के इलाज के लिए एक साल पहले केयर सेंटर खोला गया था।
स्वास्थ्य विभाग ने केंद्र पर स्टाफ नर्स सहित 10 लोगों का स्टाफ तो तैनात किया, लेकिन शिशुओं के इलाज के लिए जरूरी उपकरण अभी तक नहीं भेजे गए हैं। जिससे जरूरतमंदों को जिला चिकित्सालय में इलाज नहीं मिल पा रहा है। कभी किसी नवजात को इलाज की जरूरत पड़ने पर जच्चा-बच्चा को बाहरी सेंटरों पर रेफर किया जा रहा है।
एसएनसीयू के लिए उपकरण निदेशालय स्तर से ही भेजे जाने हैं। एक साल से कई बार मांग की गई है, लेकिन अभी तक नहीं मिल पाए हैं। उम्मीद है कि इस माह के अंत तक सभी उपकरण मिल जाएंगे।
- डा. अर्जुन सिंह सेंगर, सीएमओ, टिहरी।