साधन समिति सचिव परिषद ने कैडर सचिवों को ग्रेड-1 में पदोन्नत करने, एसीपी का लाभ देने, सेवानिवृत्त सचिवों के देयकों का भुगतान करने समेत अन्य समस्याओं का निराकरण न होने पर रोष जताया। उन्होंने कहा कि मांगें पूरी न होने तक ऋण मेलों और सूचनाओं का पूर्ण बहिष्कार जारी रहेगा।
सोमवार को सचिव परिषद के जिलाध्यक्ष हर्षमणी नौटियाल की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में कैडर सचिवों की लंबे समय बाद भी समस्याओं का निराकरण न होने पर चिंता जताई। कहा कि कोरोना के कारण लॉकडाउन के दौरान वसूली के लिए लोगों के घरों में आना-जाना प्रतिबंधित था, लेकिन डीसीबी का बोर्ड बैठक कर वसूली कम होने पर सचिवों के वेतन रोकने, स्थानांतरण, पद से हटाने जैसे कार्यवाही कर उत्पीड़न किया गया। जबकि सचिवों ने इस दौरान भी गांव लौटे लोगों को स्वरोजगार के लिए ऋण समेत अन्य काम निरंतर किए। ऐसे में सचिवों को प्रोत्साहित करने के बजाए कार्रवाई करना न्यायोचित नहीं है। इस मौके पर महामंत्री कमल सिंह रावत, शिव प्रसाद, गोविंद रावत, लक्ष्मण रावत, माणिक लाल, राजेंद्र राठौर, करण सिंह बिष्ट, सुरेंद्र राणा, गंगा सेमवाल, बस्तीराम, हिकमत सिंह, रविंद्र कोटवाल, महावीर सिंह, हरीश जोशी, मोहन लाल कोठारी, चिंतामणी, विकास, परविंद्र, मुसद्दी लाल और धनीराम आदि मौजूद थे।