जिलाधिकारी बुधवार को अधिकारियों की फौज लेकर जिले के सीमांत गांव गंगी पहुंचे। जहां उन्होंने चौपाल लगाकर ग्रामीणों की समस्याएं सुनते हुए अधिकारियों को समस्याओं के निस्तारण के निर्देश दिए। डीएम ने बताया कि बृहस्पतिवार को मुख्यमंत्री हरीश रावत गांव पहुंचकर लोगों की समस्याएं सुनेंगे।
टिहरी जिले का सीमांत गांव गंगी आज भी सड़क से वंचित है। गांव में बिजली तक नहीं पहुंच पाई है। जिससे सात सौ की आबादी को भारी असुविधाओं के बीच रहना पड़ रहा है। बुधवार को जिलास्तरीय अधिकारियों के साथ गंगी पहुंचे डीएम ने ग्रामीणों की समस्याएं सुनी। डीएम ने रीह से आगे गंगी सड़क निर्माण जल्द पूरा करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि सीडीओ गांव में संचालित योजनाओं की हर माह समीक्षा करें। शौचालय बनाने के लिए 60 प्रतिशत धनराशि तत्काल जारी करने को कहा गया। बताया गया कि गांव में विद्युत पोल तो लगाए गए हैं, लेकिन वन अधिनियम आड़े आने के कारण लाइन बनाने में दिक्कतें आ रही है।
डीएम ने कहा कि बिजली पहुंचने तक उरेडा सौर ऊर्जा की व्यवस्था करें। इस दौरान ग्रामीणों ने ऊन के विपणन की व्यवस्था करने और राशन कार्ड राज्य खाद्यान्न योजना से जोड़ने की मांग की। समाज कल्याण विभाग को पात्र लोगों के पेंशन फार्म भरने को भी कहा गया।
दूरस्थ क्षेत्र में संचार व्यवस्था बनाने के लिए बीएसएनएल को अलग-अलग कंपनियों के टावर लगाने को कहा गया। इस मौके पर सीडीओ आशीष भटर्गाइं, एसडीएम सीएस चौहान, बीएसएनएल के उपमहाप्रबंधक, समाज कल्याण अधिकारी अभिनाष भदौरिया, मुख्य कृषि अधिकारी एसके सिंह, पर्यटन अधिकारी सोबत सिंह राणा आदि मौजूद थे।