डॉक्टरों की तैनाती होने से स्वास्थ्य सेवाएं पटरी पर आने की जगी उम्मीद
नई टिहरी। जिला अस्पताल बौराड़ी को आखिरकार लंबे इंतजार के बाद चार नए डॉक्टर मिल गए हैं। नवनियुक्त चारों डॉक्टरों ने ज्वाइन कर लिया है। डॉक्टरों की तैनाती के बाद अस्पताल की स्वास्थ्य सेवाएं पटरी पर आने की उम्मीद है। जिला अस्पताल में बाल रोग विशेषज्ञ, ईएनटी, पैथोलॉजिस्ट और सर्जन पद पर स्थायी डॉक्टर नियुक्त हुए हैं।
बीते जून तक जिला अस्पताल बौराड़ी का संचालन पीपीपी मोड पर हिमालयन अस्पताल जौलीग्रांट कर रहा था। पीपीपी मोड का अनुबंध समाप्त होने के बाद स्वास्थ्य विभाग खुद ही अस्पताल का संचालन कर रहा है। अस्पताल में सबसे बड़ी कमी डॉक्टरों की है। स्थानीय लोगों को छोटी-छोटी बीमारी के उपचार के लिए ऋषिकेश व देहरादून की दौड़ लगानी पड़ रही थी।
ऋषिकेश, देहरादून आनेजाने में समय की बरबादी के साथ ही लोगों पर अनावश्यक आर्थिक बोझ भी पड़ रहा था। लचर स्वास्थ्य सेवाओं के कारण लोगों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था। चार माह इंतजार के बाद जिला अस्पताल को चार स्थायी डाॅक्टर मिल गए हैं। सीएमएस डॉ. अमित राय ने बताया कि अस्पताल में बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. मानसी नैथानी, ईएनटी डॉ. दीप्ति रानी चौहान, पैथोलॉजिस्ट डॉ. श्रुती सकलानी और सर्जन डॉ. जफीर ने ज्वाइनिंग दे दी है। जनवरी तक अस्पताल में एनेस्थिसिया डॉक्टर की भी नियुक्ति होने की उम्मीद है।