जिला मुख्यालय से लेकर केदारनाथ तक 30 घंटे से अधिक समय तक हुई बारिश से अलकनंदा व मंदाकिनी सहित अन्य कई नदियों व गाड-गदेरों का जलस्तर बढ़ गया है। जिले में जनजीवन व्यापक रूप से प्रभावित हुआ है। ।
बुधवार सुबह नौ बजे से शुरू हुई बारिश बृहस्पतिवार दिनभर रही। इस दौरान केदारनाथ में बारिश के साथ बर्फ की फुआरें भी गिरती रहीं, लेकिन जमी नहीं। इस दौरान केदारपुरी की ऊंचाई वाली पहाड़ियों पर जमकर हिमपात भी हुआ है। धाम में कड़ाके की ठंड पड़ रही है। मौसम खराब होने से पिछले दो दिन से यहां सभी पुनर्निर्माण कार्य ठप पड़े हुए हैं। लगातार हो रही बारिश से मंदाकिनी व सरस्वती नदी सहित दुग्ध गंगा सहित अन्य नदियों का जलस्तर भी बढ़ा है। इधर, गौरीकुंड, सोनप्रयाग, गुप्तकाशी, अगस्त्यमुनि, ऊखीमठ, रुद्रप्रयाग में भी दिनभर कभी तेज तो कभी हल्की बारिश होती रही। खराब मौसम के कारण जनजीवन पर व्यापक असर पड़ा है। ग्रामीण क्षेत्रों में खेतीबाड़ी का काम प्रभावित होने के साथ लोगों के सामने मवेशियों के चारा जुटाने की दिक्कत हो रही है। इधर, जिला मुख्यालय सहित कस्बों में भी बारिश से लोगों को खासी दिक्कतें हुईं। जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंदन सिंह रजवार ने बताया कि अभी तक 19.5 मिमी बारिश हुई है। जिले में कहीं से भी किसी प्रकार के नुकसान की सूचना नहीं है।