रुद्रपुर। चेक बाउंस के आरोपी को अदालत ने दोषी करार देते हुए दो माह की सजा और 55 हजार अर्थदंड की सजा सुनाई। इसमें से 54 हजार रुपये वादी को दिए जाएंगे। अर्थदंड नहीं देने पर दोषी को एक माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
प्रीत विहार फेज वन निवासी वादी प्रबोध पाल गिरि और प्रीत विहार फेज-2 निवासी आरोपी चंद्र दास उर्फ चंद्रहास में मित्रता थी। चंद्र दास ने प्रमोद से अपनी बीमारी की बात करते हुए 46 हजार रुपये की मदद मांगी। उसने उक्त रुपये चार माह में लौटाने का आश्वासन दिया था। 19 मार्च 2017 को प्रमोद ने चंद्र दास को उक्त रकम दे दी। आरोपी ने रुपये लेने के बाद तय समय पर रुपये नही लौटाए। रुपये मांगने पर टाल वह मटोल करता रहा। 16 फरवरी 2018 को आरोपी चंद्र दास ने प्रमोद को नैनीताल बैंक का एक चेक दिया। 12 मार्च पीड़ित ने नैनीताल बैंक शाखा में चेक लगाया जो बाउंस हो गया। 14 मई को दोबारा चेक लगाया तो वह भी बाउंस हो गया। रुपये नहीं लौटाने पर 12 जुलाई को अदालत के आदेश पर आरोपी के खिलाफ चेक बाउंस का केस दर्ज किया गया।
प्रमोद की ओर से अधिवक्ता अफजाल अहमद ने अदालत में पैरवी की। दोनों पक्षों को सुनने के बाद अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट लतिका सिंह की अदालत ने आरोपी को दोषी करार दिया। अदालत ने चंद्र दास को दो माह के साधारण कारावास की सजा सुनाई। साथ ही उस पर 55 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया। जुर्माना अदा नहीं करने पर चंद्र दास को एक माह का अतिरिक्त कारावास भोगना पड़ेगा।