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आदिगुरू शंकराचार्य समाधि स्थल की शोभा बढ़ाएंगे 10 हजार पठालें

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केदारनाथ में आदिगुरू शंकराचार्य समाधि स्थल के मार्गों की शोभा बढ़ाएंगे ये कटवा पत्थर। - फोटो : RUDRAPRYAG
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केदारनाथ धाम में आदिगुरू शंकराचार्य के समाधि स्थल के पुनर्निर्माण की भव्यता व सुंदरता को नया रूप देने के लिए 10 हजार कटवा पत्थर (पठाल) बिछाई जाएंगी। सरस्वती नदी किनारे पड़े बोल्डरों से राजस्थान के मजदूरों द्वारा लंबे समय से कटवा पत्थर तैयार किए जा रहे हैं।
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केदारनाथ पुनर्निर्माण में आदिगुरू शंकराचार्य के समाधि स्थल को भव्य और दिव्य बनाया जाना है। समाधि स्थल तक पहुंचने और बाहर निकलने के लिए अलग-अलग रास्ते बनाए जाएंगे। प्रवेश के लिए दिव्या शिला से होते हुए 60 मीटर लंबा रास्ता बनेगा। रास्ते के अंतिम छोर पर घुमावदार रैंप बनेगी, जिसके दो चक्कर लगाकर समाधि तक पहुंचा जा सकेगा। इसके अलावा समाधि से बाहर आने के लिए दूसरी तरफ से रैंप के दो चक्कर लगाकर श्रद्धालु भैरवनाथ मंदिर की तरफ वाले रास्ते पर पहुंचेंगे। दोनों रास्तों पर 10 हजार पठाल बिछाई जाएंगी। साथ ही निश्चित दूरी पर कटवा पत्थर के पिलर भी लगाए जाएंगे, जिसमें आदिगुरू शंकराचार्य से जुड़ी जानकारी व श्लोक लिखे होंगे। दो फीट लंबे व एक फीट चौड़ाई वाली पत्थरों को सरस्वती नदी के किनारे बड़े बोल्डरों से तैयार किया जा रहा है। पिछले चार माह से राजस्थान के मजदूरों के साथ कुछ स्थानीय कारीगर भी बोल्डरों से कटवा पत्थर तैयार करने में जुटे हुए हैं। अभी तक 7000 से अधिक पठाल तैयार हो चुकी हैं। अगले दो माह में जरूरी पत्थर तैयार कर दिए जाएंगे।
मंदिर पर लगाए गए थे 300 से अधिक नए पत्थर
रुद्रप्रयाग। अक्तूबर 2014 से मई 2016 तक अलग-अलग चरणों में भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग द्वारा मंदाकिनी नदी किनारे पड़े बोल्डरों से राजस्थान के 32 कारीगरों की मदद से 300 से अधिक कटवा पत्थर तैयार कराए गए थे। इन पत्थरों से केदारनाथ मंदिर के पश्चिमी द्वार की मरम्मत की गई थी। साथ ही मंदिर के अन्य स्थानों पर छिटके पत्थरों को निकालकर उनके स्थान पर उसी तरह के कटवा पत्थर स्थापित किए गए थे।
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आदिगुरू शंकराचार्य के समाधिस्थल के प्रवेश व निकासी मार्ग पर 10 हजार कटवा पत्थर बिछाए जाने हैं, जिससे वहां की सुंदरता और बढ़ जाएगी। तीसरे चरण में सौंदर्यीकरण के तहत इन पत्थरों को बिछाया जाना है। अभी तक सात हजार पत्थर तैयार हो चुके हैं।
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---- मनोज सेमवाल, टीम प्रभारी वुड स्टोन कंस्ट्रक्शन कंपनी, केदारनाथ
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