अगस्त्यमुनि क्षेत्र के प्रभावितों के समान मुआवजा देने व सेमी को डूब क्षेत्र घोषित कर लोगों को रोजगार देने की मांग को लेकर आपदा संघर्ष समिति सेमी का एलएंडटी की कुंड साइट का धरना दूसरे दिन भी जारी रहा।
धरना स्थल पर हुई सभा में समिति की अध्यक्ष कुंवरी बर्तवाल ने बताया कि सिंगोली-भटवाड़ी जल विद्युत परियोजना के निर्माण से सबसे अधिक परेशानी सेमी गांव को हुई है।
आपदा के दौरान यहां पर पानी एकत्रित होने से गांव में भूस्खलन सक्रिय हो गया है। बावजूद इसके एलएंडटी कंपनी ग्रामीणों की सहायता नहीं कर रही है। उन्होंने कहा कि जब तक अगस्त्यमुनि क्षेत्र के प्रभावितों के समान मुआवजा व सेमी को डूब क्षेत्र घोषित कर लोगों को रोजगार उपलब्ध नहीं कराया जाता है तब तक आंदोलन जारी रहेगा। इस मौके पर उपाध्यक्ष अंजू भंडारी, पवित्रा देवी, भगवती पंवार, शिवानंद नौटियाल, उषा बर्तवाल, भगवती प्रसाद आदि उपस्थित थे। वहीं तहसीलदार एसपी उनियाल ने धरना स्थल पर जाकर ग्रामीणों को समझाने की कोशिश की, लेकिन उनकी वार्ता बेनतीजा रही।