हिमाचल प्रदेश की तर्ज पर ग्रेड पे देने सहित आठ सूत्री मांगों को लेकर मनरेगा और तीन सूत्री मांगों को लेकर उपनल कर्मियों की हड़ताल जारी है। हड़ताल से जिले में विभागीय व फील्ड कार्य पूरी तरह से चौपट हो गया है। साथ ही जरूरतमंदों को भी कार्यालयों से बैरंग लौटना पड़ रहा है।
मनरेगा कर्मियों को स्वास्थ्य व बीमा सुविधा देने, महीने में दो दिन के वेतन कटौती को खत्म करने, पंचायती राज व ग्राम्य विभाग में समायोजन सहित आठ सूत्री मांगों को लेकर बीते 16 मार्च से आंदोलनरत हैं। हड़ताल के कारण गांवों में योजना के तहत होने वाले कार्यों के प्रस्ताव व एमबी भी नहीं बन पा रही है। यहीं नहीं, मजदूरों को योजना के तहत कार्यों का भुगतान नहीं होने से वे आर्थिक संकट से जूझ रहे है। हड़ताली कर्मियों ने सरकार पर अनदेखी का आरोप लगाते हुए मार्गों पर कार्रवाई न होने पर आंदोलन तेज करने की चेतावनी दी है।