केदार सभा के अध्यक्ष विनोद शुक्ला ने कहा कि अगर प्रदेश सरकार ने देवस्थानम बोर्ड भंग नहीं किया तो केदारघाटी में सात हजार तीर्थपुरोहित भाजपा की सदस्यता से इस्तीफा दे देंगे। उन्होंने पूर्व सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत के बयान पर गहरी नाराजगी जताई है।
शुक्ला ने कहा कि केदारनाथ के तीर्थपुरोहित एक सूत्री मांग देवस्थानम बोर्ड भंग करने को लेकर आंदोलनरत हैं। मांगपूर्ति तक आंदोलन जारी रहेगा। उन्होंने पूर्व सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत के उस बयान पर भी रोष जताया, जिसमें उन्होंने कहा था कि देवस्थानम बोर्ड का विरोध करने वाले कांग्रेसी हैं। उन्होंने कहा कि पूर्व सीएम को यही मालूम नहीं कि उनकी पार्टी के सदस्य कौन-कौन हैं। देवस्थानम बोर्ड का गठन पूर्व सीएम की करनी है, जिसका विरोध चल रहा है। सरकार ने देवस्थानम बोर्ड भंग नहीं किया गया तो केदारनाथ के सात हजार तीर्थपुरोहित, जो भाजपा से जुड़े हैं, अपनी पार्टी सदस्यता से त्यागपत्र के लिए मजबूर होंगे।