मार्ग पर कई स्थानों पर भूस्खलन होने से लोग जान हथेली पर रखकर सफर को मजबूर हैं।
मोटर मार्ग पर पांच-छह स्थानों पर भूस्खलन जोन सक्रिय होने से यह मार्ग बदतर हो चुका है। जबकि इस मार्ग पर कालीमठ, कविल्ठा, कोटमा, खुन्नू, जाल तल्ला, जाल मल्ला, चौमासी, चिलौंड, स्यासूगढ़, ब्यूखी कुणजेठी आदि गांव जुड़े हैं। बरसात में भी डेढ़ माह से अधिक समय तक मार्ग बंद रहा था।
ग्राम पंचायत जाल मल्ला की ग्राम प्रधान लक्ष्मी देवी, जाल तल्ला के पूर्व प्रधान राम चंद्र, त्रिलोक रावत, लक्ष्मण सतकारी, कालीदास समारोह समिति के महामंत्री सुरेशानंद गौड का कहना है कि जाल मल्ला व तल्ला सहित कविल्ठा गांव के नीचे से हो रहे भारी भूस्खलन से मार्ग बदहाल हो चुका है। उन्होंने प्रशासन और लोक निर्माण विभाग से मार्ग का एलानइमेंट परिवर्तन कर दूसरी जगह से निर्माण की मांग की है।
एडीबी के बाद मार्ग के सुधार का जिम्मा हमें सौंपा गया है। मार्ग पर कई भूस्खलन जोन सक्रिय होने से सुधार में दिक्कतें आ रही हैं। बावजूद जेसीबी व मजदूरों की नियमित तैनाती से मार्ग को दुरुस्त करने के हरसंभव प्रयास किए जा रहे हैं। - मनोज दास, ईई लोनिवि ऊखीमठ