करीब 40 लाख की रंगाई-पुताई और मरम्मत के बाद भी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र जखोली की हालत दयनीय बनी हुई है। यहां हल्की बरसात में छत टपकने से वार्ड और ऑफिस कार्यालय की दीवारों में सीलन आ गई है। ऐसे में अस्पताल प्रबंधन ने सीलन से बचाव के लिए एक्स-रे व अन्य उपकरणों को पॉलीथिन से ढका है।
पीपीपी मोड में संचालित सीएचसी जखोली में लाखों रुपये खर्च के बाद भी हालात और सुधर नहीं रहे हैं। बरसात में अस्पताल का पूरा भवन जगह-जगह से टपक रहा है। कमरों की छत व दीवारों पर सीलन है। ज्येष्ठ प्रमुख चैन सिंह पंवार, सामाजिक कार्यकर्ता रामरतन पंवार, प्रधान संगठन के ब्लाक अध्यक्ष महावीर पंवार, व्यापार संघ अध्यक्ष डा. हर्षवर्धन नैथानी का कहना है कि अस्पताल प्रबंधन ने कुछ दिन पहले करीब 40 लाख रुपये में अस्पताल में रंगाई, पुताई और मरम्मत का कार्य किया। बावजूद इसके छत जगह-जगह से टपक रही है। ऐसे में उपकरणों को सीलन से बचाने के लिए उन पर पॉलीथिन बांधी गई है। कहा गया कि जांच में उपकरणों के उपयोग के दौरान बिजली के करंट का भी खतरा है। उन्होंने जिलाधिकारी व सीएमओ से अस्पताल का निरीक्षण करने की मांग की है।
लैब, एक्स-रे रूम और कुछ वार्ड में छत टपक रही है, जिससे सीलन बनी हुई है। मशीनों की सुरक्षा के लिए हरसंभव इंतजाम किए जा रहे हैं।- इंद्रेश कुमार, मैनेजर सील ग्रु्प, सीएचसी जखोली
अस्पताल भवन के कमरों में बरसाती पानी टपकने व सीलन की शिकायत मिली है। अस्पताल प्रबंधन को सुरक्षा की दृष्टि से जरूरी उपाय के निर्देश दिए गए हैं।- डा. आरपी बडोनी, सीएमओ रुद्रप्रयाग