फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

तराई में खाद का संकट गहराया

विज्ञापन
बाजपुर एडीओ सहकारिता को ज्ञापन देते लोग। - फोटो : BAZPUR
विज्ञापन
रुद्रपुर/बाजपुर। कृषि विभाग की लापरवाही के कारण एक बार फिर तराई में खाद का संकट गहरा गया है। जिले की अधिकांश सहकारी समितियों में किसानों को पर्याप्त मात्रा में यूरिया की खाद की नहीं मिल पा रही है। इससे धान के उत्पादन पर प्रतिकूल असर पड़ सकता है।
विज्ञापन

जिले में इस वर्ष करीब 98 हजार हेक्टेयर कृषि भूमि में धान की रोपाई की गई है। इस बार समय पर मानसून पहुंचने और पर्याप्त बारिश से किसानों को धान के अच्छे उत्पादन की उम्मीद है लेकिन इस बार लॉकडाउन और अन्य वजहों के कारण जिले में किसानों को पर्याप्त मात्र में यूरिया नहीं मिल पा रही है। सहकारी समितियों के गोदामों में उपलब्ध यूरिया मांग के हिसाब से बेहद कम है। उर्वरक की रैक पहुंचने में हो रही देरी के कारण किसान परेशान हैं।
इस संबंध में जिला सहायक निबंधक हरीश खंडूरी और बहुउद्देश्यीय पूर्वी रुद्रपुर किसान सेवा सहकारी समिति के एमडी बलराज सिंह ने बताया कि अगस्त के पहले सप्ताह में गुजरात से यूरिया की रैक पहुंचने की उम्मीद है। इसके बाद जिले की सभी 35 सहकारी समितियों को किसानों की मांग के अनुरूप यूरिया उपलब्ध कर दी जाएगी। उधर, कृषि विभाग के संयुक्त निदेशक पीके सिंह ने कहा कि फिलहाल अभी यूरिया का संकट नहीं है। यूरिया की उपलब्धता के संबंध में वह अधिकारियों से बातचीत कर रहे हैं।
विज्ञापन

इधर, बाजपुर में सहकारी समितियों में यूरिया खाद उपलब्ध कराने की मांग को लेकर किसानों ने शुक्रवार को एडीओ (सहकारिता) गंगा सिंह पिपलिया को सीएम केे नाम ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन देने वालों में बाजपुर सहकारी क्रय विक्रय समिति लि. के पूर्व अध्यक्ष रवि सरना, विमल शर्मा आदि थे।
जिले की सभी सहकारी समितियों के गोदामों में पर्याप्त मात्रा में यूरिया खाद उपलब्ध नहीं है। इससे किसानों के सामने नया संकट खड़ा हो गया है। सहकारिता विभाग और कृषि विभाग से शीघ्र यूरिया उपलब्ध कराने की मांग की गई है। - जगदीश सिंह, रुद्रपुर।
सहकारी समितियों में खाद पर्याप्त मात्रा में नहीं है। इफको के सेंटरों में भी यूरिया के लिए काफी भीड़ लग रही है। सहकारिता विभाग को अपनी सभी समितियों में खाद उपलब्ध कराने के प्रयास करने चाहिए। - सुरेंद्र चौधरी, रुद्रपुर।
कृषि विभाग की ओर से यूरिया की डिमांड बेहद कम भेजी जा रही है, जिस कारण दिक्कत आई है। वहीं, धान की फसल के लिए यह पीक सीजन है। इस समय किसानों को धान के लिए पर्याप्त मात्रा में यूरिया चाहिए। - विक्रमजीत सिंह, रुद्रपुर।
यूरिया की रैक न आने के कारण जिले के किसान परेशान हैं। यूरिया में नाइट्रोजन की मात्रा अधिक होने के कारण यह धान के पौधे की वृद्धि में सहायक होता है। यूरिया की कमी के कारण धान की खेती प्रभावित हो सकती है। - अमृतपाल विर्क, रुद्रपुर।

अमृतपाल विर्क, रुद्रपुर।- फोटो : RUDRAPUR

विक्रमजीत सिंह, रुद्रपुर।- फोटो : RUDRAPUR

सुरेंद्र चौधरी, रुद्रपुर।- फोटो : RUDRAPUR

जगदीश सिंह, रुद्रपुर।- फोटो : RUDRAPUR

बहुउदेश्यीय पूर्वी रुद्रपुर किसान सेवा सहकारी समिति में बंद पड़ा उर्वरक गोदाम।- फोटो : RUDRAPUR

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें