रविवार को सीएम हरीश रावत गुप्तकाशी-कालीमठ मोटर मार्ग से होते हुए निर्धारित कार्यक्रम से लगभग दो घंटे विलंब से कालीमठ पहुंचे। इस दौरान उन्हाेंने सड़क की स्थिति में सुधार के निर्देश लोनिवि ऊखीमठ के अधिकारियाें को दिए।
उन्हाेंने जन भावनाआें को देखते हुए शीघ्र सड़क को दुरुस्त करने को कहा, जिससे स्थानीय लोगाें सहित तीर्थयात्रियाें को सुविधा मिल सके।
कालीमठ पहुंचने पर उन्हाेंने जिलाधिकारी से यहां किए जा रहे पुनर्निर्माण कार्यों की जानकारी दी। पुल निर्माण में हो रही देरी पर उन्हाेंने जिलाधिकारी को संबंधित ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई करने व फरवरी माह तक पुल का निर्माण पूर्ण करने को कहा। इस दौरान कालीमठ की प्रधान गीता राणा ने भी मुख्यमंत्री के सम्मुख क्षेत्र की समस्याएं रखीं। प्रधान गीता राणा के आत्मविश्वास से प्रसन्न होकर सीएम ने उन्हें गांव के विकास के लिए पचास हजार रुपये देने की बात कही।
मां काली के दरबार में बजाया दमाऊं
कालीमठ। कालीमठ मंदिर पहुंचने पर सीएम हरीश रावत ने मंदिर के बाहर बैठे बाजीगराें (ढोल-दमाऊं वादक) से भी मुलाकात की। मुलाकात के दौरान सीएम ने दमाऊं मांगा व खुद ही मां भगवती के सामने उसका वादन भी किया।
मॉनीटरिंग कमेटी की जाएगी गठित
कालीमठ। घाटी में पुलाें के निर्माण व सड़क सुधारीकरण के लिए स्थायी मॉनीटरिंग कमेटी का गठन किया जाएगा। सीएम हरीश रावत ने कहा कि कमेटी का कार्य पुल निर्माण व सड़क सुधारीकरण संबंधी कार्यों की निगरानी करना होगा व इसकी रिपोर्ट उन्हें उपलब्ध करानी होगी। उन्हाेंने कहा कि इससे कार्य में गुणवत्ता के साथ तेजी आएगी।
संस्कृत शोध पुरस्कार योजना होगी शुरू
कालीमठ। संस्कृत भाषा को बढ़ावा देने व कालीमठ क्षेत्र को प्रसिद्ध करने के लिए संस्कृत शोध पुरस्कार योजना शुरू की जाएगी। सीएम हरीश रावत ने कहा कि योजना के तहत संस्कृत भाषा के शोधार्थियाें को प्रोत्साहित किया जाएगा।
इको सेंसटिव जोन पर केंद्र से हो रही बात
कालीमठ। इको सेंसटिव जोन को लेकर ग्रामीणाें की चिंता के सवाल पर मुख्यमंत्री हरीश रावत ने कहा कि इस संबंध में उन्हाेंने केंद्र सरकार से बात की है। साथ में राज्य के पांचाें सांसदाें से भी इस संबंध में केंद्र सरकार से बातचीत करने का अनुरोध किया है। कहा कि जनता की समस्याआें के निराकरण व उनके हकाें की रक्षा के लिए राज्य सरकार द्वारा हर संभव प्रयास किए जाएंगें।
मुख्यमंत्री हरीश रावत ने की घोषणाएं -
- हाईस्कूल कालीमठ को इंटरमीडिएट बनाना।
- कालीमठ में पेयजल समस्या को दूर करने के लिए पेयजल योजना के लिए सर्वेक्षण करवाना।
- कालीदास संस्कृत शोध केंद्र के स्थापना के लिए प्रारूप तैयार करवाना।
- संस्कृत शोध पुरस्कार योजना का संचालन।
- कालीमठ में शारदीय नवरात्रा के दौरान लगने वाले मेले के लिए अनुदान उपलब्ध कराना।
- कालीमठ क्षेत्रांतर्गत सहकारी बैंकों को कम्प्यूटरीकृत करना।