जिले के एक प्रतिष्ठित स्कूल के एनएसएस कैंप में प्रधानाचार्य की ओर से छात्रा से छेड़छाड़ के मामले में ग्रामीण मैदान में उतर गए हैं। उन्होंने प्रशासन और पुलिस से मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी को सजा दिलाने की मांग की। साथ ही चार फरवरी को आम बैठक का निर्णय लिया गया।
यहां आयोजित बैठक में ग्रामीण ने आक्रोश जताते हुए कहा कि शिक्षण संस्था के प्रधानाचार्य की ओर से जो अपराध किया गया है वह माफी लायक नहीं है। विद्यालय की अपनी प्रतिष्ठा रही है, जिसे ऐसे लोग धूमिल कर रहे हैं। साथ ही अभिभावकों में बच्चों की सुरक्षा के प्रति भय का माहौल पैदा हुआ है। सत्य प्रसाद भट्ट, दीनदयाल भंडारी, मुरलीधर भट्ट, शंभू प्रसाद उनियाल, समा चौहान, सरोजनी देवी, रुचि देवी, लक्ष्मी देवी, मंजू देवी, सरिता देवी, नैना देवी, प्रियंका देवी, अंजू देवी, शकुंतला देवी, सविता देवी, ज्योति देवी ने प्रशासन, पुलिस और शिक्षा विभाग से मामले की पारदर्शिता से जांच कर दोषी के खिलाफ जांच की मांग की। बता दें कि जिले के एक प्रतिष्ठित स्कूल के प्रधानाचार्य की ओर से 31 दिसंबर को एनएसएस कैंप में छात्रा से छेड़खानी का मामला उजागर हुआ था। घटना, सोशल मीडिया पर भी वायरल हुई थी, जिसका संज्ञान प्रशासन व पुलिस और बाल संरक्षण आयोग ने भी लिया था।