गूलरभोज। शिक्षा मंत्री अरविंद पांडेय ने कहा कि गूलरभोज का बौर जलाशय गोवा के विकल्प के रूप में स्थापित होगा। बौर जलाशय को पर्यटन हब के रूप में विकसित करने और इसकी ख्याति को बढ़ाने के लिए सभी को सहयोग करना होगा।
रविवार को बौर जलाशय के पास पत्रकार वार्ता में कैबिनेट मंत्री ने कहा कि जलाशय को पर्यटन डेस्टीनेशन हब के रूप में विकसित होने पर स्थानीय लोगों और युवाओं को रोजगार के अवसर प्राप्त होंगे। पर्यटन विभाग की ओर से डॉरमेट्री हॉल, स्वीमिंग पूल, कान्फ्रेंस हॉल, हट बनकर तैयार हो चुके हैं। उन्होंने बौर जलाशय को पर्यटन के रूप में विकसित करने को अपना ड्रीम प्रोजैक्ट बताया।
कहा कि नया काम शुरू होने में कुछ कठिनाइयां और कमियां होती हैं। इनको दूर करने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने लोगों से पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए सुझाव भी मांगे। इनमें जलाशय पर सुरक्षा की कमी, पार्किंग न होना, सड़कों की हालत में सुधार, स्कूलों आदि में पर्यटन क्षेत्र के प्रति जागरूकता कराने और जल पुलिस और एसडीआरएफ की टीम की तैनाती सहित कई बिंदु सामने आए।
इसके बाद उन्होंने गदरपुर थानाध्यक्ष जसविंदर सिंह को सुरक्षा में किसी प्रकार की चूक न हो, इसके लिए चाक चौबंद व्यवस्था करने के निर्देश दिए। उन्होंने मोटर वोट में जलाशय का भ्रमण भी किया। वहां सीडीओ मयूर दीक्षित, पर्यटन अधिकारी पीके गौतम, बीसी त्रिवेदी, जिला सूचना अधिकारी बीसी तिवारी आदि थे।
बैराज के आसपास बंद होगा वाहनों का आवागमन
गूलरभोज। शिक्षा मंत्री अरविंद पांडेय ने सिंचाई विभाग के अधिकारियों को बैराज के आसपास वाहनों के आवागमन बंद करने को बेरिकेडिंग लगाने के निर्देश भी दिए। उन्होंने पर्यटन अधिकारी को निर्देश दिए कि पर्यटन आवास को ठीक कराते हुए इसकी देखरेख के लिए पीआरडी जवानों की नियुक्ति कराई जाए। कहा कि वर्तमान में टिहरी एडवेंचर की ओर से जलाशय में स्पीड बोट, पल्टून बोट, जैट्स स्की, जैट अटैक, बनाना राइड और बंपर राइड बोट का उपयोग पर्यटकों को घुमाने के लिए किया जा रहा है।