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आज करें भगवान शिव को प्रसन्न

Mon, 01 Aug 2016 12:10 AM IST
ब्यूूराो/ अमर उजाला रुड़की
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मं‌िददिर में की गइऱ्ई सजावट - फोटो : अमर उजाला ब्‍यूूराो
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रुड़की। शिवरात्रि के पर्व पर आज के दिन भगवान शिव को पंचामृत सहित विभिन्न पदार्थों से जलाभिषेक होगा। इस दिन किए जाने वाला अभिषेक सभी प्रकार की बीमारियों, गृह दोष और कष्टों को मिटाने वाला होगा। साथ ही जीवन में सुख और समृद्धिदायक होगा। ज्योतिषाचार्यों के अनुसार ब्रह्ममुहूर्त में सुबह 4.42 से 10.30 तक किया गया जलाभिषेक विशेष फलदायी होगा। श्रद्धालु सोमवार की रात 12.42 मिनट पर चतुर्दशी के संपन्न होने तक जलाभिषेक कर पुण्य लाभ कमा सकते हैं।
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शिव भक्तों के लिए इस बार बड़ा शुभ लग्न है कि सोमवार के दिन ही शिवरात्रि पड़ रही है। आज शहर और देहात सभी स्थानों पर सुबह से ही शिव जलाभिषेक के लिए लंबी कतारें लगनी शुरु हो जाएंगी। शिव भक्त हाथों में गंगाजल के लोटे, दूध, बेल के पत्ते और फल, भांग की पत्तियों के साथ आरती का थाल सजाए अपनी बारी का इंतजार करते दिखाई देंगे। शिव जलाभिषेक को लेकर बच्चे, युवा, बूढ़े और महिलाओं में जबरदस्त उत्साह रहेगा।

रविवार को सभी शिव मंदिरों में तैयारी चलती रही। मंदिरों को दुल्हन की तरह सजाया गया है। भीड़ को नियंत्रित करने के लिए भी पुख्ता इंतजाम किए गए हैं।  मंदिर समितियों और भक्तों ने मिलकर कई स्थानों पर भंडारों के आयोजन करने के भी कार्यक्रम बनाए हैं। श्री भागवत ज्ञान उदगम ट्रस्ट के संस्थापक ज्योतिषाचार्य पंडित लोकेश शास्त्री ने बताया कि सोमवार को चतुर्दशी तिथि पर सुबह 4.42 से रात 12.42 तक जलाभिषेक होगा। वहीं ब्रह्ममुहूर्त में 4.42 से 10.30 तक विशेष फलदायी मुहूर्त होगा। विभिन्न पदार्थों से किया गया अभिषेक सभी प्रकार के कष्टों को दूर करेगा।
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इस तरह करें जलाभिषेक
रुड़की। ज्योतिषाचार्य पंडित लोकेश शास्त्री ने बताया कि भगवान शिव पर जलधारा से अभिषेक करने को विशेष महत्व दिया गया है। इस छोटे से यत्न से ही भोलेनाथ प्रसन्न हो जाते हैं। इसके अलावा शास्त्रों में विभिन्न पदार्थों से अभिषेक का भी विधान बताया गया है। जिसके गन्ने के रस से अभिषेक करने पर शारीरिक बीमारी दूर होगी, मक्खन के अभिषेक से लक्ष्मी प्राप्ति, पंचामृत से सौभाग्य, समृद्धि आएगी और कुंवारी कन्याओं के विवाह की अड़चनें दूर होंगी। गिलोये के रस का भी विशेष महत्व है। इससे घर में सुख शांति और समृद्धि का वास होगा। कालसर्प दोष को दूर करने के लिए पार्थिव लिंग यानी मिट्टी के शिवलिंग की पूजा विशेष फलदायी होगी। उनके अनुसार यह शिव रात्रि तुला, मीन और धनु राशि के लिए कष्टदायी है। इस राशि के जातक पार्थिव लिंग का अभिषेक करेंगे तो उन्हें लाभ होगा।
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