फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बुलेट’ कांवड़ के आगे सब नतमस्तक

Mon, 01 Aug 2016 12:05 AM IST
ब्यूूराो/ अमर उजाला रुड़की
विज्ञापन
कांवड़ मेला - फोटो : अमर उजाला ब्‍यूूराो
विज्ञापन
रुड़की। ‘बुलेट’ ट्रेन की तरह तेज गति से दौड़ते डाक कांवड़ियों के आगे पुलिस प्रशासन पूरी तरह नतमस्तक दिखी। सड़कों के किनारे इन्हें देखने उमड़ा आमजन भी आस्था की बयार में बहते जा रहे कांवड़ियों को देखकर भोलेनाथ की महिमा का गुणगान करते नजर आए। बिना सोए और बिना थके पूरी रात हाईवे पर डाक कांवड़ियों का रेला अविरल गंगा की तरह बहता रहा।
विज्ञापन


शिवरात्रि महापर्व पर भगवान आशुतोष को जलाभिषेक करने के लिए रविवार दिन-रात डाक कांवड़ियों का ऐसा रेला चला कि हर कोई देखता ही रह गया। हाईवे के चप्पे-चप्पे पर तैनात पुलिसकर्मी इन पर नियंत्रण रखने में पूरी तरह बेबस दिखाई दिया। हाईवे पर यह आलम तब था जब पुलिस प्रशासन ने जगह-जगह रूट डायवर्ट किया हुआ था। रुड़की से हरिद्वार जाने के लिए सभी मार्गों को प्रतिबंधित कर पूरी तरह नाकेबंदी की गई थी।

रुड़की पहुंचने वाले वाहनों को हरिद्वार जाने के लिए लक्सर की ओर डायवर्ट किया हुआ था। मंगलौर से लंढौरा होते हुए रूट को वाया लक्सर से हरिद्वार डायवर्ट किया गया था। इसके अलावा दिल्ली मेरठ के वाहनों को पुरकाजी से खानपुर होते हुए गुजारा गया। यूपी-हरियाणा से आने वाले लगभग सभी वाहनों को भगवानपुर से इमलीखेड़ा मार्ग की ओर मोड़ा हुआ था। बावजूद इसके दिल्ली-हरिद्वार मार्ग पर कांवड़ियों का रेला उमड़ा। भागमभाग की इस यात्रा में कोई वाहनों को तेज गति से दौड़ा रहा था तो कोई गंगाजल हाथों में लेकर वाहनों के आगे दौड़ रहा था। आस्था के इस सैलाब के आगे हर कोई नतमस्तक दिखाई दिया।
विज्ञापन


शहर के हर मार्ग की नाकेबंदी
-विभिन्न क्षेत्रों से बाइक पर गंगा जल लेने पहुंच रहे दुपहिया वाहनों को भी इस बार वाया लक्सर से होकर डायवर्ट किया था। इसके चलते दुपहिया वाहनों की दूरी करीब 30 किलोमीटर बढ़ गई। रुड़की पहुंचने वाले वाहनों ने सीधे हरिद्वार हाईवे पर पहुंचने के लिए शहर के बीच पड़ने वाले मार्गों की ओर रुख किया तो वहां भी जबरदस्त नाकेबंदी मिली। जिसके चलते दुपहिया वाहनों को लक्सर से होकर गुजरना मजबूरी बन गई। पुलिस की ओर से शहर के बीएसएम तिराहे, गणेशपुर पुल, आजादनगर चौक, पुराना पुल सहित कई जगह नाकेबंदी की गई थी।

डाक कांवड़ ने रोके स्थानीय लोगों के कदम
मंगलौर। डाक कांवड़ की भागमभाग ने स्थानीय लोगों को हाईवे पर नहीं आने दिया। दौड़ते वाहनों की भीड़ को देखकर लोग पैदल सड़क पार करने की हिम्मत नहीं जुटा पाए। रविवार सुबह से ही डाक कांवड़ वाहनों की संख्या में तेजी आने लगी थी। दुपहर होने तक भीड़ रेला बन गई। हालत यह हो गई कि हाईवे के पार इस्लाम नगर, तकिया और टोली मोहल्लों के लोग अपने घरों में कैद होकर रह गए। उन्हें नगर के बाजारों तक पहुंचने के लिए हाईवे को पार करना पड़ रहा था जो वे लोग नहीं कर पाए। हाईवे पर कांवड़ वाहनों के सिवा कुछ नजर नहीं आ रहा था। पुलिस भी डाक कांवड़ की भीड़ के सामने बेबस नजर आई।

निशुल्क भंडारे समाप्त
नारसन। देव भूमि संस्कारित सेवा समिति मौहम्मदपुर जट की ओर से मेले में लगाए गए भंडारे का समापन यज्ञ के साथ किया। इसमें कांवड़ियों को निशुल्क खाना, दवाई आदि सुविधाएं दी गई। साथ ही श्रीमद्भगवत गीता की पुस्तकों का वितरण किया गया। प्रवचनों के दौरान पंडित सत्यवचन ने कहा कि शरीर एक खेत की तरह है। जिसमें कर्मरूपी बीज डालकर शुभ फल प्राप्त किया जा सकता है। इस अवसर पर समिति अध्यक्ष संजय धारीवाल, जयप्रकाश, राजकुमार, लाला अजय पाल सिंह विरेंद्र, अनुज, संजीव आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें