केंद्र सरकार की पहल पर सीबीआरआई रुड़की की ओर से बृहस्पतिवार को भारत अंतर्राष्ट्रीय विज्ञान उत्सव का आयोजन किया जाएगा। जिसमें विभिन्न स्कूलों के बच्चों को संस्थान की लैब का अवलोकन कराया जाएगा। साथ ही बच्चों को विज्ञान के प्रति प्रेरित करने के लिए वैज्ञानिक व्याख्यान देंगे।
संस्थान के कांफ्रेंस हॉल में आयोजित प्रेस कांफ्रेंस को संबोधित करते हुए संस्थान के निदेशक डा. एन गोपालकृष्णन ने कहा कि संस्थान भविष्य में आवासों की जरूरत को ध्यान में रखकर शोध कार्य पर जोर दे रहा है। बृहस्पतिवार को होने वाले विज्ञान उत्सव के बारे में बताते हुए उन्होंने कहा कि इसका मुख्य उद्देश्य संस्थान की तकनीकी को आम आदमी तक पहुंचाने और बच्चों में विज्ञान के प्रति रुचि पैदा करना है। साइंटिस्ट इंचार्ज डा. एके मिनौचा ने बताया कि उत्सव के तहत बच्चों को विभिन्न प्रयोगशालाओं का अवलोकन कराया जाएगा। साथ ही आईआईटी के वैज्ञानिक प्रो. धर्मेंद्र सिंह सहित प्रो. गोपाल रंजन, प्रो. राजेश चंद्रा एवं प्रो. एससी हांडा व्याखन देंगे।
इस दौरान वैज्ञानिकों ने संस्थान में चल रही शोध गतिविधियों के बारे में भी जानकारी दी। जिसमें डा. एके मिनौचा ने भवन के मलबे से भवन सामग्री निर्माण तकनीकी की जानकारी देते हुए बताया कि संस्थान केंद्र सरकार के मेक इन इंडिया, डिजीटल इंडिया, स्मार्ट सिटी और सस्ते आवास जैसी योजनाओं को ध्यान में रखकर शोध कार्य कर रहा है। संस्थान वैज्ञानिक एसके नेगी ने सस्ते और सुरक्षित भवनों के निर्माण की जानकारी दी। डा. आभा मित्तल ने कंप्यूटर से इमारतों की विश्लेषणात्मक माडलिंग, डा. शांतनु सरकार ने आपदा के मद्देनजर भवन तकनीक, डा. सुवीर सिंह ने अग्रिरोधक उपायों, एसके पांडे ने रोबोट और अंडर ग्राउंड कटिंग की मशीन के निर्माण, डा. रजनी लखानी ने कोटा स्टोन के वेस्ट से टाइलों के निर्माण व डा. अशोक कुमार ने सस्ते आवास योजना के लिए भवन तकनीक तथा डा. अचल मित्तल ने सरकारी योजनाओं के तहत बनाए गए भवनों की निर्माण तकनीक पर प्रकाश डाला। इस मौके पर डा. अतुल कुमार अग्रवाल सहित अनेक वैज्ञानिक उपस्थित रहे।