डीजीपी के आदेश पर लक्सर कोतवाली पुलिस ने अवैध खनन के खिलाफ छापे मारे। मंगलवार को रातभर चली कार्रवाई में तीन जेसीबी, तीन ट्रैक्टर ट्राली और चार डंपर सीज किए गए हैं। कई चालक अपने वाहन निकालकर मौके से फरार होने में कामयाब हो गए। इस सिलसिले में करीब 26 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।
कोतवाली पुलिस ने मामले में उपखनिज की चोरी और षड्यंत्र के तहत अवैध खनन करनेे के आरोप में मुकदमे दर्ज किए हैं। आरोपियों में छह खनन माफिया शामिल हैं। इसके साथ ही 20 वाहन मालिक और उनके ड्राइवर भी शामिल हैं। डीजीपी के आदेश पर कोतवाली पुलिस के सुल्तानपुर चौकी प्रभारी ध्वजवीर सिंह और भिक्कमपुर चौकी प्रभारी ठाकुर सिंह रावत के नेतृत्व में बाण गंगा में अवैध खनन के खिलाफ छापे मारे गए।
पुलिस जब बाणगंगा के तट पर छापे मारने पहुंची तो उस समय मौके पर 24 से अधिक वाहन खनन और खनिज सामग्री के लदान में जुटे पाए गए। पुलिस को आता देखकर अवैध खनन कर रहे लोगों में भगदड़ मच गई। आरोपी वाहन समेत फरार होने लगे। पुलिस ने घेराबंदी करके मौके से तीन जेसीबी, आरबीएम से भरी तीन ट्रैक्टर ट्राली व चार डंपर कब्जे में लिए जिन्हें सीज कर लिया गया।
कोतवाल जयदेव आर्य ने बताया कि मामले में सुल्तानपुर चौकी प्रभारी ध्वजवीर सिंह की ओर से तहरीर के आधार पर यशपाल व विजय, सुधीर और कदम, निवासी हरसीवाला समेत राजू और शराफत निवासी बाड़ीटीप के खिलाफ उपखनिज की चोरी और षड्यंत्र रचकर खनन करने के आरोप में मुकदमा दर्ज किया गया है। छह खनन माफिया के अलावा बीस वाहन चालक व उनके स्वामियों के खिलाफ भी मुकदमे दर्ज किए गए हैं।
दो नेताओं के खिलाफ भी की कार्रवाई
मंगलवार रात को पुलिस की ओर से की गई कार्रवाई से यह तो साफ हो गया है कि अवैध खनन में सफेदपोश भी शामिल हैं। पुलिस ने मंगलवार रात को अवैध खनन के खिलाफ की गई कार्रवाई में दो नेताओं का भी नाम दर्ज किया है, जिसमें से एक की पत्नी वर्तमान जिला पंचायत सदस्य है तो दूसरे नेता की मां को जिला पंचायत का चुनाव लड़ चुकी हैं।
मंगलवार रात को पुलिस की ओर से की गई कार्रवाई में हर्सीवाला के कदम सिंह व बाड़ीटीप निवासी शराफत का नाम दर्ज किया गया है। कदम की पत्नी प्रीति हबीबपुर कुड़ी सीट से जिला पंचायत सदस्य हैं। प्रीति बसपा के चुनाव चिह्न पर जिला पंचायत सदस्य का चुनाव लड़ी थीं। दूसरी ओर, शराफत खुद जाली नोटों के मामले में सजायाफ्ता होने के कारण चुनाव मैदान में नहीं उतर पाए थे, जिसके चलते उन्होंने अपनी मां को भिक्कमपुर जिला पंचायत सीट से मैदान में उतारा था। लेकिन उन्हें हार का मुंह देखना पड़ा था। सूत्रों के अनुसार शराफत के सत्तारूढ़ दल के नेताओं से अच्छे संबंध हैं। इन दोनों नेताओं के खिलाफ पुलिस ने पहले ही लगभग आधा दर्जन मुकदमे दर्ज कर रखे हैं। कोतवाल जयदेव आर्य ने बताया कि दोनों की हिस्ट्री शीट खोलने की तैयारी की जा रही है।