कई लोगों से एक करोड़ से अधिक की ठगी के मामले में सिविल लाइंस कोतवाली पुलिस ने तीन दिन बाद चार आरेापियों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया। इसके साथ ही चारों की गिरफ्तारी कर उन्हें कोर्ट के आदेश पर जेल भेज दिया गया है। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में एक महिला भी शामिल है। मालूम हो कि इससे पहले ठगी का आरोपी पकड़े जाने के बाद दो दिन तक कोतवाली में लोगों का जमावड़ा लगा रहा। लगभग 150 लोगों की ओर से पुलिस में ठगी के आरोपी के खिलाफ शिकायती पत्र दिया गया था। केस दर्ज करने के बाद पुलिस सभी पीड़ितों के बयान दर्ज कर रही है।
न्यू आदर्श नगर निवासी कुलदीप सीबीआरआई का सेवानिवृत्त कर्मी है और वह शहर में लगभग 15 साल से कमेटी चलाने के साथ ही ब्याज पर रकम देने का भी काम करता है। आरोप है कि कमेटी की आड़ में उसने सैकड़ों लोगों से एक करोड़ से अधिक की रकम जमा कर रखी है। इसके बाद सोमवार की रात वह आदर्श नगर से घर बेचकर भाग रहा था तभी कमेटी सदस्यों को भनक लग गई और उन्होंने उसे पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया।
पिछले दो दिनों से पुलिस उससे पूछताछ कर रही थी। इस दौरान आरोपी ने पीड़ितों के लगभग 10 लाख रुपये लौटा भी दिए, लेकिन यह रकम नाकाफी होने के कारण वह पुलिस के चंगुल से छूट नहीं सका। बृहस्पतिवार को तीसरे दिन भी सिविल लाइंस कोतवाली में पीड़ितों का तांता लगा रहा। लगभग 150 लोगों ने कोतवाली पहुंचकर ठगी सबंधी शिकायतें दर्ज कराईं। इसके बाद पुलिस ने खंजरपुर निवासी अरविंद कुमार सहित अन्य लोगों की तहरीर के आधार पर चार आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों में न्यू आदर्श नगर निवासी कुलदीप कुमार के अलावा उसकी बेटी हरविंदर कौर और दामाद अनिल पाल भी शामिल हैं। साथ ही कुलदीप के दोस्त नरेश को भी आरोपी बनाया गया है।