लक्सर। विदेश में नौकरी दिलाने के नाम पर एक कांग्रेसी नेता ने क्षेत्र के तीन युवकों से पौने तीन लाख रुपये ऐंठे और मलेशिया भेज दिया, लेकिन तीनों को कहीं नौकरी नहीं मिली। वीजा में कमी होने पर एक युवक को जेल जाना पड़ा। किसी तरह तीनों युवक वापस भारत पहुंचे और लक्सर कोतवाली पुलिस को घटना से अवगत कराया। तहरीर पर पुलिस ने आरोपी नेता के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
सुल्तानपुर निवासी आरिफ कुछ दिन से नौकरी की तलाश में भटक रहा था। इसी बीच उसकी मुलाकात लक्सर निवासी एक कांग्रेसी नेता से हुई। उक्त नेता ने आरिफ को विश्वास दिलाया कि उसकी मलेशिया में एक कंपनी में अच्छी जान पहचान है वह उसमें उसकी 40-45 हजार रुपये प्रतिमाह नौकरी लगवा सकता है। इसके बदले नेता ने उससे 90 हजार रुपये देने की बात कही। सौदा तय होने पर आरिफ, उसके साथी नौशाद और हैदर ने 90-90 हजार रुपये नेता को दे दिए। कुछ दिन बाद नेता ने तीनों युवकों को 13 दिन का टूरिस्ट वीजा देकर मलेशिया भेज दिया। तीनों जैसे ही मलेशिया एयरपोर्ट पर उतरे तो वहां की पुलिस ने वीजा में कमी होने की बात कहते हुए नौशाद को गिरफ्तार कर लिया और दो दिन जेल में रखने के बाद भारत भेज दिया। हैदर व आरिफ को भी मलेशिया की किसी कंपनी में काम नहीं मिला। 13 दिन का वीजा खत्म होने पर मलेशिया सरकार ने उन्हें भी भारत भेज दिया। तीनों युवकों ने घर पहुंचकर परिजनों को उक्त कांग्रेसी नेता की हरकतों से अवगत कराया। परिजनों ने नेता से रकम वापस करने की मांग की, लेकिन नेता ने पैसे नहीं दिए और दोबारा पैसे मांगने पर गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दी। इसके बाद आरिफ ने सोमवार को कोतवाली पहुंचकर आरोपी नेता के खिलाफ तहरीर दी। कोतवाल टीएस राणा ने बताया कि तहरीर पर उस्मान निवासी लक्सर के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। मामले की जांच शुरू कर दी है।