लक्सर। गेहूं के खेत में आग लगने से दस से अधिक किसानों की 30 बीघा फसल जलकर राख हो गई। अग्निशमन वाहनों की मदद से ग्रामीणों ने घंटों मशक्कत के बाद आग पर जैसे-तैसे काबू पाया। पीड़ितों ने एसडीएम से नुकसान का आकलन करवा कर मुआवजा दिलाने की मांग की है। आग लगने के कारणों का पता नहीं चल पाया है।
पीतपुर निवासी सुरेश पाल ने जंगल में स्थित भूमि पर गेहूं की बुआई की थी। बृहस्पतिवार दोपहर फसल में अचानक आग लग गई। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप धारण कर लिया। मौके पर कोई न होने पर आग ने राधा, रमेश, जयपाल, बलराम, सुमित्रा, प्रीतम, सुदेश, कुलविंदर, मदन व पुष्पा के खेतों को भी अपनी चपेट में लिया और पूरी फसल जलकर राख हो गई। खेतों की तरफ से धुआं उठता देखकर किसान खेतों की ओर दौड़ पड़े। किसानों ने इसकी जानकारी अग्निशमन विभाग को दी। टीम ने मौके पर पहुंचकर ग्रामीणों की मदद से मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक सभी किसानों की पूरी फसल जल गई थी। इस पर पीड़ित किसानों ने एसडीएम से नुकसान का आकलन कर मुआवजा दिलाने की मांग की है। एसडीएम कौस्तुभ मिश्र ने हल्का लेखपाल को मौके पर भेजकर नुकसान की रिपोर्ट तैयार करने के निर्देश दिए हैं।
हाईटेंशन लाइन से फसल जली
सुल्तानपुर। हाईटेंशन लाइन में फाल्ट आने के कारण भोआपुर गांव के पास खेत में खड़ी गेहूं की फसल में आग लग गई। ग्रामीणों ने मौके पर पहुंचकर किसी तरह आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक आठ बीघा गेहूं की फसल जलकर राख हो गई थी।
भोआपुर निवासी सरविंद सैनी की गांव के पास कृषि भूमि है। इसके ऊपर से हाईटेंशन लाइन जा रही है। सरविंद ने अपने खेत में गेहूं की फसल बोए रखी है। बृहस्पतिवार दोपहर करीब 12 बजे लाइन में फाल्ट आने से खड़ी गेहूं की फसल में आग लग गई। इसे देख पास के खेतों में काम कर रहे किसान ने मामले की जानकारी गांव में पहुंचकर ग्रामीणों को दी। सूचना पर आए ग्रामीणों ने किसी तरह आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक खेत में खड़ी करीब 8 बीघा गेहूं की फसल जलकर राख हो गई। सरविंद सैनी ने मामले की जानकारी तहसील अधिकारियों को दी है।
आग लगने से 20 बीघा फसल खाक
झबरेड़ा। ग्राम खाता खेड़ी और सढौली गांव में आग लगने से तीन अलग-अलग किसानों की 20 बीघा फसल जलकर राख हो गई। ग्राम खाता खेड़ी में ग्रामीण भुल्लू के खेत में एक बिजली का तार गिर गया था। इससे उसकी गेहूं की आठ बीघा फसल में आग लग गई। ग्राम सढौली में महिपाल और धीर सिंह के खेतों में आग लग गई। दोनों ग्रामीणों के खेत श्मशान घाट के पास है। ग्रामीणों के मुताबिक श्मशान में कुछ लोग दाह संस्कार करने आए थे। चिता की चिंगारी से उनकी फसल मेें आग लग गई। इससे गन्ना की आठ और गेहूं की चार बीघा फसल जलकर बर्बाद हो गई है। दोनों ही गांव में फायर बिग्रेड के वाहन पहुंचने से पहले किसानों ने आग पर काबू पा लिया था। ब्यूरो
किसानों की सैकड़ों बीघा फसल आग राख
खानपुर। पोडोवाली और गिद्धावाली गांवों में गन्ने और गेहूं की फसल में आग लग गई। क्षेत्र के किसानों ने जैसे तैसे आग बुझाई। जब तक किसान आग बुझा पाते। तब तक सैकड़ों बीघा फसल जलकर राख हो गई। ग्रामीणों ने एसडीएम से मुआवजे की मांग की है।
इन दिनों खेतो में गन्ने और गेहूं की फसल तैयार खड़ी है। कटाई का कार्य जोरों पर चल रहा है। गुरुवार को पोडोवाली और गिद्धावाली गांवों में किसानों के खेतों में आग लग गई। खेतों में आग लगता देख आसपास के खेतों में काम कर रहे किसान आग बुझाने दौड़े। कुछ किसानों ने अपने ट्रैक्टरों से जुताई वाले हैरो की मदद से आसपास के खेतों में जुताई कर आग पर काबू पाने की कोशिश की। किसान जब तक आग पर काबू पाते। तब तक सैकड़ों बीघा फसल राख हो गई। किसान आग लगने का कारण समझ नहीं पा रहे हैं। पोडोवाली के प्रधान संजय एडवोकेट ने बताया कि आग लगने से पोडोवाली गांव निवासी बासा, व गिद्धावाली गांव निवासी राजकुमार, महेश, श्यामलाल, मामचंद, पंकज, धीर सिंह कई किसानों की गेहूं और गन्ने की फसल बर्बाद हो गई। ग्रामीणों ने उप जिलाधिकारी कौस्तुभ मिश्रा से मुआवजा दिलाने की मांग की है। एसडीएम ने हल्का लेखपाल को आग से हुए नुकसान पर रिपोर्ट बनाकर भेजने के निदश दिए हैं।