ब्यूरो/अमर उजाला, रुड़की। जहरीली शराब कांड के एक आरोपी को छुड़ाने का झांसा देकर उसके भांजे से लाखों की ठगी का मामला सामने आया है। ठग ने खुद को सहारनपुर कोर्ट में कर्मचारी बताते हुए जमानत दिलाने के नाम पर छह लाख रुपये वसूल लिए। जमानत न होने पर युवक ने उसकी तलाश की, लेकिन कुछ पता नहीं चला। तहरीर के आधार पर पुलिस मामले की जांच कर रही है।
झबरेड़ा थाना क्षेत्र के बिंडुखड़क और भलस्वागाज समेत कई गांवों में जहरीली शराब पीने से 44 लोगों की मौत हो गई थी। सहारनपुर और हरिद्वार पुलिस मामले में 16 आरोपियों को जेल भेज चुकी है। इनमें एक आरोपी धारा सिंह भी शामिल है, जो रुड़की जेल में बंद है। धारा की पैरवी उसका भांजा रुड़की के पश्चिमी अंबर तालाब निवासी मुकेश कुमार कर रहा है। शुक्रवार को गंगनहर कोतवाली पहुंचे मुकेश ने पुलिस को बताया कि करीब चार महीने पूर्व रामनगर कोर्ट में उसकी मुलाकात एक व्यक्ति से हुई थी, जिसने खुद को सहारनपुर कोर्ट में कर्मचारी बताया था। उक्त व्यक्ति ने बताया था कि आरोपियों के मामले सहारनपुर और रुड़की कोर्ट में चल रहे हैं। वह कई आरोपियों की जमानत कराने में मदद कर रहा है। उसकी जज और वकीलों से अच्छी जान पहचान है।
व्यक्ति ने उसके मामा की भी जमानत जल्द कराने का झांसा दिया। इसके लिए कुछ जरूरी कागज और छह लाख रुपये की मांग की। मुकेश ने कागज और छह लाख रुपये उसे दे दिए। उक्त व्यक्ति ने बताया कि अगली तारीख पर उसके मामा की जमानत हो जाएगी। अगली तारीख पर जब मामा की जमानत नहीं हुई तो मुकेश ने उसकी तलाश की, लेकिन कुछ पता नहीं चल पाया। उसके मोबाइल पर कॉल की तो नंबर भी बंद मिला। कोतवाली प्रभारी राजेश साह ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है।