विजिलेंस व ऊर्जा निगम की टीम के साथ मारपीट और जब्त केबल छीनने के मामले में पुलिस ने तीन नामजद व डेढ़ सौ अज्ञात के खिलाफ सरकारी कार्य में बाधा डालने, मारपीट समेत अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है।
मंगलौर कोतवाली पुलिस को अवर अभियंता ईश्वर चंद्र व अनुभव सैनी ने तहरीर देकर बताया कि पांच फरवरी को विजिलेंस और ऊर्जा निगम टीम ने मोहम्मदपुर जट्ट, ब्रह्मपुर जट्ट, बूढ़पुर जट्ट में बिजली चोरी पकड़ने के लिए अभियान चलाया था। इस दौरान बिजली चोरी करने पर कई ग्रामीणों के केबल भी जब्त किए गए थे।
बताया कि टीम बूढ़पुर जट्ट गांव से लौट रही थी। इसी दौरान कुछ ग्रामीणों ने टीम पर हमला कर दिया था। साथ ही तीन लोगों ने अवर अभियंता ईश्वर चंद को गला पकड़कर गाड़ी से नीचे खींच लिया था और मारपीट कर जान से मारने की धमकी दी थी। साथ ही बड़ी संख्या में मौके पर पहुंची ग्रामीणों की भीड़ ने टीम को घेरकर एई अनिल कुमार के साथ भी मारपीट करते हुए उनके कपड़े फाड़ दिए थे। साथ ही केबल भी छीन लिए थे। टीम ने किसी तरह भागकर जान बचाई थी। कोतवाली प्रभारी शांति कुमार गंगवार ने बताया कि तहरीर पर शिवम, परमिंदर, तेजवीर सिंह और 150 अज्ञात ग्रामीणों के खिलाफ मुकदमा दर्ज जांच शुरू कर दी है।
बूढ़पुर जट्ट निवासी परमेंद्र ने पुलिस को तहरीर देकर बताया कि पांच फरवरी को ऊर्जा निगम के अधिकारी कर्मचारियों के साथ गांव में पहुंचे थे। आरोप लगाया कि यह लोग उसके और देवेंद्र व अन्य कई घरों में उनकी गैर मौजूदगी में घुस गए और बिजली काटनी शुरू कर दी। महिलाओं ने विरोध किया गया तो उक्त लोगों ने गाली-गलौज करते हुए अभद्रता, धक्कामुक्की कर दी थी। इसमें उमा देवी व पूजा गंभीर रूप से घायल हो गईं। कोतवाली प्रभारी शांति कुमार गंगवार ने बताया कि तहरीर के आधार पर मामले की जांच की जा रही है।