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पाला बदला पर चुनावी मैदान में देवर भाभी की तकरार रहेगी बरकरार

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सुबोध राकेश के भाजपा को छोड़कर बसपा में शामिल होने के बाद माना जा रहा है कि चुनावी समर में देवर और भाभी के बीच की तकरार बनी रहेगी। हालांकि बसपा ने अभी सुबोध राकेश को भगवानपुर सीट से प्रत्याशी घोषित नहीं किया, लेकिन जानकारों का अनुमान कि पार्टी उनपर ही दांव लगाएगी। अब प्रबल दावेदार के पाला बदलने से भाजपा को इस सीट पर चेहरे की तलाश है। हालांकि भाजपा के उम्मीदवार के एलान के बाद ही यह साफ हो सकेगा कि इस बार भी यहां आमने सामने की लड़ाई होगी या फिर त्रिकोणीय मुकाबला होगा।
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गौरतलब है कि दिवंगत कैबिनेट मंत्री सुरेंद्र राकेश के निधन के बाद उनकी पत्नी ने उपचुनाव में कांग्रेस के टिकट पर जीत दर्ज की थी। इसके बाद सुरेंद्र राकेश के छोटे भाई सुबोध राकेश ने 2017 के चुनाव से पहले भाजपा ज्वाइन की थी। 2017 के चुनाव में भाजपा ने सुबोध राकेश को अपना प्रत्याशी बनाया था। तब उन्होंने अपनी भाभी ममता राकेश को कांटे की टक्कर दी थी। इस दौरान कड़े मुकाबले में ममता राकेश करीब ढाई हजार वोट से जीती थी। यह तब था जबकि भगवानपुर के सीट कभी भी भाजपा के मुुफीद नहीं मानी गई। इस बार भाजपा यह उम्मीद पाले थी कि सुबोध राकेश के सहारे भगवानपुर की सीट उनकी झोली में आएगी। लेकिन ऐन मौके पर सुबोध राकेश ने बसपा ज्वाइन कर राजनीतिक हलकों में हलचल मचा दी है। माना जा रहा है कि सुबोध राकेश का भाजपा छोड़ने के पीछे स्थानीय भाजपाइयों की ओर से उनके खिलाफ अंदरखाने किया जा रहा विरोध है। जिसके चलते सुबोध राकेश भी यह मानकर चल रहे थे भाजपा के टिकट पर उन्हें अपनी की पार्टी के नेताओं एवं कार्यकर्ताओं से चुनौती मिलने वाली है। खुद सुबोध राकेश भी इस बात को स्वीकार करते हैं। अब भले ही सुुबोध राकेश ने पार्टी बदल ली हो, लेकिन यह अनुमान लगाया जा रहा है 2022 के चुनाव में भी देवर और भाभी फिर एक बार आमने सामने होंगे।
भाजपा के स्थानीय नेता पूरी तरह से पार्टी को कैप्चर कर चुके हैं। यही नेता पार्टी को बर्बाद कर रहे हैं। इसके अलावा बसपा उनके परिवार की राजनीतिक पार्टी रही है। सर्वजन हिताय का नारा देने वाली पार्टी के साथ जाने के लिए सर्व समाज के लोग उनका समर्थन कर रहे हैं। ऐसे में जनभावनाओं के अनुरूप बसपा ज्वाइन की है। - सुबोध राकेश
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भाजपा छोड़ सुबोध हाथी पर हुए सवार
- गाजियाबाद में बसपा प्रभारी ने दिलाई सदस्यता
संवाद न्यूज एजेंसी
भगवानपुर (रुड़की)। नगर पंचायत अध्यक्ष के प्रतिनिधि व भाजपा नेता सुबोध राकेश ने गाजियाबाद पहुंचकर बसपा की सदस्यता ग्रहण की। भगवापुर पहुंचने पर कार्यकर्ताओं ने सुबोध राकेश का स्वागत किया।
सुबोध राकेश के कई दिनों से बसपा में शामिल होने के कयास लगाए जा रहे थे। माना जा रहा था कि वह जल्द ही भाजपा छोड़कर हाथी पर सवार हो सकते हैं। आखिरकार रविवार को उनके बसपा में शामिल होने पर मुहर लग गई। रविवार को वह गाजियाबाद में बसपा के प्रभारी शमशुद्दीन राइन के आवास पर पहुंचे। उनके साथ बड़ी संख्या में समर्थक भी साथ रहे। यहां पर उन्हें बसपा प्रभारी ने सुबोध राकेश को सदस्यता ग्रहण कराई। इस दौरान उन्होंने कहा की बसपा पार्टी के लिए मेहनत करके मजबूत बनाने का काम किया जाएगा। आगामी विधानसभा चुनाव में पार्टी को जीत दिलाने लिए कड़ी मेहनत की जाएगी।
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