लक्सर। दहेज हत्या के मामले में फरार चल रहे दो आरोपियों ने कोर्ट में समर्पण कर दिया। पिछले दिनों कोर्ट द्वारा मुख्य आरोपी की संपत्ति कुर्क किए जाने के आदेश जारी किए गए थे। पुलिस ने उनकी संपत्ति कुर्क करने की कार्रवाई भी शुरू कर दी थी । दोनों को जेल भेज दिया गया है।
भिक्कमपुर गांव निवासी केशोराम ने वर्ष 2013 में अपनी बेटी मंजू की शादी पीतपुर गांव निवासी राजेश पुत्र धीरसिंह के साथ की थी लेकिन शादी के कुछ दिनों बाद ही उसकी बेटी मंजू की रहस्यमय परिस्थितियों में मौत हो गई थी। इसके बाद मंजू के पिता केशोराम ने उसके पति राजेश, सास ज्ञानवती, ननदोई महेंद्र, ननद फुलसमुंद्री चाचा इंद्राज और मौसा मेघराज के खिलाफ लक्सर कोतवाली में दहेज हत्या का मुकदमा दर्ज कराया था। मुकदमा दर्ज करने के बाद लक्सर कोतवाली पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ कोर्ट में आरोप पत्र दाखिल कर दिया था। बाद में कोर्ट ने सभी आरोपियों को तलब किया था। बाद में मृतक मंजू की सास ज्ञानवती और मौसा मेघराज कोर्ट में पेश हुए थे। जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया था। न्यायालय ने मंजू के पति राजेश के खिलाफ कुर्की के आदेश जारी कर दिए थे। इसी के साथ ही न्यायालय ने मंजू की ननद फुलसमुंद्री और उसके पति महेंद्र निवासी लालपुर थाना खानपुर और इंद्राज के भी वारंट जारी कर दिए थे। कोर्ट के आदेश पर उनकी संपत्ति कुर्क करने की कार्रवाई शुरू करते ही आरोपियों में हडकंप मच गया। इसके बाद मृतक मंजू के पति राजेश और इंद्राज ने कोर्ट में आत्मसमर्पण कर दिया। इस मामले में मृतक मंजू की ननद फूलसमुद्री और ननदोई महेंद्र पुलिस पकड़ से बाहर हैं। पुलिस उनकी तलाश में जुटी है।