ब्यूरो/अमर उजाला, रुड़की
सुल्तानपुर साबतवाली के ग्रामीणों ने मनरेगा के विकास कार्यों में अनियमितताओं का आरोप लगाकर जिलाधिकारी से शिकायत की है। ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से मामले की जांच कराने के बाद उचित कार्रवाई की मांग की। जिलाधिकारी दीपक ने ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि उनकी शिकायतों की जांच करवाई जाएगी।
बृहस्पतिवार को ग्राम पंचायत सुल्तानपुर साबतवाली के ग्रामीणों ने जिलाधिकारी दीपक रावत से शिकायत कर बताया कि ग्राम पंचायत के हीराहेड़ी गांव के कुछ लोगों के ग्राम प्रधान ने मनरेगा के फर्जी कार्ड तैयार किए हैं जबकि लोगों को इसका लाभ नहीं मिला है। इससे सरकारी धन का पूरी तरह दुरुपयोग हुआ। साथ ही गांव में तालाब की खुदाई का कार्य दिखाया गया है जबकि गांव में ऐसा कोई काम नहीं हुआ है। आरोप यह भी है कि गांव के ही एक ग्रामीण ने अपने खेत की मिट्टी एक गोदाम में भराव के लिए बेची थी। जिस खेत से मिट्टी का उठान किया गया था उसमें कुछ मेड़ बनाकर तालाब की खुदाई दशाई गई है। ग्रामीणों का आरोप है कि लोगों को भ्रम में डालकर सरकारी धन का दुरुपयोग किया जा रहा है। ग्रामीणों ने कई अन्य आरोप ग्राम प्रधान पर लगाकर जिलाधिकारी से जांच की मांग की है। शिकायत करने वालों में मोनू कुमार, ओमवीर, चंद्रशेखर, नरेंद्र कुमार, सचिन कमार, संदीप कुमार, नेपाल सिंह, महक सिंह आदि शामिल रहे।
ग्राम प्रधान पर जो आरोप लगाए जा रहे हैं, वह राजनीति से प्रेरित हैं। शिकायतकर्ता चुनाव में हार गए थे। इसके चलते बार-बार झूठी शिकायत करते आ रहे हैं। पहले भी शिकायत की गई थी, लेकिन जांच में शिकायत झूठी पाई गई थी। जो आरोप लगाए गए हैं वह निराधार हैं।
- सुमित चौधरी, ग्राम प्रधान पति