एम्स रोड पर सब्जी मंडी के गेट पर पेड़ पर कील ठोक कर लगाए गए बैनर
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ऋषिकेश। तीर्थनगरी में संकटग्रस्त पेड़ों को आजादी नहीं मिल पाई। शहर में ऐसे तमाम पेड़ मौजूद हैं, जिनके आसपास सीमेंट और ईंटों का चबूतरा बना दिए गए हैं, या लोहे की जाली लगाकर उन्हें कैंद कर दिया गया। इतना ही नहीं तमाम कंपनियों ने पेड़ों पर लोहे की कीलें ठोक उन पर विज्ञापन लटका दिए। पिछले वर्ष अमर उजाला ने ट्री को करो फ्री, अभियान चलाकर पेड़ों के दर्द को उजार किया तो वन विभाग हरकत में आया। प्रभागीय वनाधिकारी के निर्देश पर वन विभाग की टीम ने कई दिनों तक शहर और आसपास के क्षेत्रों में जांच अभियान चलाया था। इसके तहत पेड़ों पर लटके विज्ञापनों के होर्डिंग्स, बैनर, पोस्टर हटाए गए। कई को नोटिस भी जारी किए गए। उसके बाद वन विभाग की कार्रवाई ठंडे बस्ते में चली गई। अमर उजाला ने करीब एक साल बाद शहर के पेड़ों का जायजा लिया तो स्थिति बेहद खराब नजर आई। ( संवाद)
वन विभाग की ओर से अभियान चलाकर अलग क्षेत्रों में पेड़ों के बाहर लगे दो हजार ट्री गार्ड हटाए गए हैं। यदि कहीं अब भी ट्री गार्ड लगे होंगे को कर्मचारियों को भेजकर वह ट्री गार्ड हटवाए जाएंगे।
-महेंद्र सिंह रावत, रेंजर ऋषिकेश
यदि पेड़ पर कील ठोकर उस पर बिजली का मीटर लगाया गया है तो यह गलत है। इस बारे में संबंधित एसडीओ से वार्ता की जाएगी। उसके बाद उस मीटर को हटवाकर दूसरी जगह शिफ्ट कराया जाएगा।
- डीपी सिंह, अधिशासी अभियंता ऊर्जा निगम ऋषिकेश
वीरभद्र रोड पर पेड़ के तने में घुसा ट्री गार्ड- फोटो : RISHIKESH
वीरभद्र रोड पर पेड़ लगाया बिजली का मीटर।- फोटो : RISHIKESH
एम्स रोड स्थित पेड़ के तने में घुसा ट्री गार्ड- फोटो : RISHIKESH