चैत्र नवरात्र पर श्रद्धालुओं ने मां दुर्गा का छठवें स्वरूप मां कात्यायनी की पूजा-अर्चना की। भक्तों ने घर और मठ मंदिरों में भजन-कीर्तन के माध्यम से मां कात्यायनी का गुणगान किया।
मुनि की रेती शीशमझाड़ी स्थित मां कात्यायनी मंदिर में सुबह से ही पूजा-अर्चना और संकीर्तन किया गया। मां के दर्शन के लिए मंदिर परिसर में सुबह से ही भक्तों की भीड़ उमड़ी। मंदिर परिसर में सुबह से शाम तक क्षेत्र की विभिन्न महिला मंडली की ओर से माता के भजनों की प्रस्तुति दी गई।
मंदिर में सहारनपुर से आए राणा एंड पार्टी की ओर से मां की भेटें गायी गई, जिसमें प्यारा सजा है तेरा द्वार ....., मां मुरादे पूरी कर दे हलवा बाटूंगी...., मैं बालक तू माता शेरावालिए... आदि भजनों प्रस्तुति दी गई। मंदिर परिसर में सुबह से ही भक्तों के लिए अटूट भंडारा आयोजित किया गया। जिसमें सैकड़ों की तादाद में लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया।
संस्था के अध्यक्ष गुरविंदर सालूजा ने बताया की मंदिर में वर्षभर में दो बार नवरात्र कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। इस तरह के कार्यक्रम से धार्मिक आस्था का संचार होता रहता है और भक्तों को मां का आशीर्वाद मिलता रहता है। इस मौके पर नमिता सलूजा, अभिषेक शर्मा, सुधीर कालरा, महंत रवि प्रपन्नचार्य, रमाकांत भारद्वाज, राम चौबे, तृप्ति कालरा आदि मौजूद रहे।