स्वर्गाश्रम क्षेत्र में घूमने आने वाले देेसी- विदेशी पर्यटकों और स्थानीय नागरिकों पर एक आश्रम की लापरवाही कभी भी कहर ढा सकती है। मुख्य मार्ग के किनारे आश्रम के मुख्यद्वार के आसपास सड़क किनारे खड़े अशोक के पेड़ की टहनियां बिजली की लाइन को छू रही हैं।
इनसे कभी भी कोई बड़ा हादसा होने की आशंका बनी हुई है। लेकिन आश्रम प्रबंधन इस ओर लापरवाह बना हुआ है। स्वर्गाश्रम क्षेत्र में देश दुनिया के सैलानियों का आवागमन बना रहता है। इनमें से कई तीर्थाटक और पर्यटक सांध्य क ालीन आरती और अन्य गतिविधियों में शामिल होने के लिए परमार्थ निकेतन भी आते हैं।
आश्रम की ओर से मुख्य सड़क के किनारे लगाए गए अधिकांश पेड़ बिजली के तारों को छू रहे हैं। लेकिन इनकी लॉपिंग कराने की बजाए राहगीरों की सुरक्षा की अनदेखी की जा रही है। ऐसे में खासकर बारिश के समय विद्युत तारों को छू रहे पेड़ों पर करंट दौड़ने की आशंका बनी हुई है। लेकिन आश्रम प्रबंधन इस खतरे के प्रति उदासीन बना हुआ है।
मामला संज्ञान में नहीं है। यदि ऐसा है तो जल्द ही विद्युत तारों को छू रहे पेड़ों की कटाई-छंटाई की जाएगी। ताकि राहगीरों को किसी प्रकार का नुकसान नहीं हो।-डॉ. राम महेश मिश्र, प्रवक्ता परमार्थ निकेतन आश्रम