मौसम बदलते ही ठंड और ठिठुरन बढ़ गई। ठंड को दूर भगाने के लिए लोग गर्म कपड़ों में पैक नजर आए। गंगा घाट, तट और आस्था पथों पर लोग अलाव और चाय की चुस्कियां लेकर ठंड को दूर भगाने का प्रयास करते रहे। हल्की बूंदाबांदी ने भी ठंड और ठिठुरन को और बढ़ा दिया।
सोमवार को सुबह से लेकर शाम तक सूर्य देव बादलों की ओट में छिपे रहे। सूर्य देव के दर्शन नहीं होने से मौसम में ठंड और ठिठुरन बढ़ गई। नगर निगम ऋषिकेश, नगरपालिका मुनि की रेती ढालवाला, नगर पंचायत तपोवन और नगर पंचायत स्वर्गाश्रम जौंक क्षेत्र में दिनभर देश और विदेश के पर्यटकों के अलावा स्थानीय लोग गर्म कपड़ों में पैक नजर आए।
त्रिवेणीघाट, पूर्णानंद गंगा घाट, ढालवाला, तपोवन, स्वर्गाश्रम गंगा लाइन, आस्था पथ आदि जगहों पर साधु, लघु व्यापारी अलाव के सहारे ठंड को दूर भगाने में जुटे रहे। ऋषिकेश मुख्य बाजार में मुखर्जी मार्ग, तिलक रोड, रेलवे रोड, देहरादून रोड, क्षेत्र रोड, लाजपतराय मार्ग, सुभाष चौक आदि जगहों पर व्यापारी और स्थानीय लोग चाय की चुस्कियों के साथ दिनभर अलाव जलाते दिखाई दिए। गंगा में चंद राफ्टें दिखाई दिए। इसके साथ ही मुख्य बाजार और पर्यटक स्थलों पर भी स्थानीय लोग और सैलानियों की चहलकदमी कम रही।
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रैन बसेरा में नहीं मूलभूत व्यवस्थाएं
नगर पंचायत स्वर्गाश्रम जौंक की ओर से गीता आश्रम के एक कमरे में औपचारिकता के लिए रैन बसेरा बनाया हुआ है। यहां निराश्रित लोगों के लिए मूलभूत व्यवस्थाएं चाकचौबंद नहीं हैं। जिस कमरे में रैन बसेरा बनाया गया है वहां मुख्य दरवाजा और खिड़कियों में केवल जालियां ही लगाई गई है। जालियों के कारण कमरे में ठंड और ठिठुरन है। निकाय की ओर से यहां दो सीट का अस्थायी शौचालय की व्यवस्था की गई है, लेकिन वह गंदा है। शौचालय में पानी की व्यवस्था नहीं है। निराश्रित लोग आसपास जंगल में शौच कर रहे हैं। कई निराश्रित आसपास बने सार्वजनिक शौचालयों में जा रहे हैं। नगर निगम की ओर से आईएसबीटी परिसर में संचालित रैन बसेरों में व्यवस्थाएं दुरुस्त हैं।
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कोट
मामला संज्ञान में नहीं है। यदि ऐसा है तो निकाय की ओर से जल्द ही रैन बसेरे में व्यवस्थाएं दुरुस्त की जाएगी। - कुलदीप नैथानी, अधिशासी अधिकारी नगर पंचायत स्वर्गाश्रम जौंक