पिथौरागढ़। जिले में रेफर केसों ने आपातकालीन सेवा 108 की सेहत खराब कर दी है इसकी सीधी मार स्थानीय मरीजों को सहनी पड़ रही है। हर रोज जिले के अस्पतालों से रेफर मरीजों को हायर सेंटर पहुंचाने के लिए एंबुलेंस भेजी जा रही है।
ऐसे में गांवों और कस्बों के मरीज इनकी कमी से जूझ रहे हैं। हालात यह हैं कि जिले के मरीज और गर्भवतियों को समय पर अस्पताल पहुंचाने के लिए एंबुलेंस का लंबा इंतजार करना पड़ रहा है और इनकी जान आफत में फंस रही है। सीमांत जिले के मरीजों और गर्भवतियों को आपात स्थिति में समय पर अस्पताल पहुंचाने के लिए 108 सेवा की 18 एंबुलेंस तैनात हैं। इनमें से एक एंबुलेंस को अल्ट्रा मैराथन के लिए गुंजी भेज दिया है। हर रोज जिला, महिला और जिले के अन्य अस्पतालों से रेफर मरीजों को हल्द्वानी, बरेली के हायर सेंटर पहुंचाने के लिए तीन से चार एंबुलेंस भेजी जा रही हैं।
ऐसे में जिले के स्थानीय मरीजों और गर्भवतियों को इनकी कमी खल रही है। स्थानीय एंबुलेंस को हायर सेंटर भेजने से अन्य जगह से मरीज और गर्भवतियों को अस्पताल पहुंचाने में अधिक समय लग रहा है। नियमों के मुताबिक स्वास्थ्य विभाग की अपनी एंबुलेंस से ही मरीजों को हायर सेंटर भेजा जा सकता है। नियमों को दरकिनार कर स्वास्थ्य विभाग आपातकालीन एंबुलेंस को हायर सेंटर भेजकर गर्भवतियों की जान आफत में डाल रहा है। संवाद