चंपावत। जिले के प्रमुख पर्यटन स्थलों में स्थान रखने वाले श्यामलाताल झील में 4.90 करोड़ रुपये की लागत से लेक फ्रंट डेवलपमेंट का काम पूरा हो गया है। झील के आसपास सुंदरीकरण के साथ पर्यटकों के बैठने और घूमने की सुविधा विकसित की गई है। प्रकाश और सुरक्षा व्यवस्था भी की गई है।
श्यामलाताल में साल 1915 में स्वामी विवेकानंद का आश्रम है जो अपनी प्राकृतिक खूबसूरती और शांत वातावरण के कारण पहले से ही पर्यटकों के आकर्षण का केंद्र रहा है। लेक फ्रंट के विकसित होने के बाद यहां आने वाले पर्यटकों को बेहतर सुविधाएं मिल सकेंगी।
इससे पर्यटन गतिविधियां बढ़ने के साथ स्थानीय कारोबारियों और पर्यटन से जुड़े लोगों को भी लाभ मिलने की उम्मीद है। परियोजना पर कुल 490.94 लाख रुपये खर्च किए गए हैं। इसके तहत झील के चारों ओर पर्यटकों के लिए बैठने और पैदल घूमने की व्यवस्था की गई है। साथ ही क्षेत्र में रोशनी की व्यवस्था और सुरक्षा मानकों से जुड़ी सुविधाएं विकसित की गई हैं।
परियोजना का काम कार्यदायी संस्था सीएनडीएस लोहाघाट ने पूरा किया है। नई सुविधाओं को बढ़ाने के साथ ही श्यामलाताल में पर्यटन गतिविधियों को विस्तार देने और क्षेत्र की स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूत करने पर जोर दिया जा रहा है। जिला पर्यटन अधिकारी लता बिष्ट ने कहा कि सुंदरीकरण के बाद पर्यटन और आध्यात्मिक गतिविधियां और भी बढ़ेंगी।