पूर्णागिरि/टनकपुर (चंपावत)। शारदीय नवरात्र की अष्टमी को मां पूर्णागिरि धाम में करीब आठ हजार श्रद्धालुओं ने मां के दरबार में शीश नवाए। सुबह से ही मां के जयकारों के साथ श्रद्धालु पड़ाव क्षेत्रों से आगे बढ़ते रहे। इससे संपूर्ण धाम क्षेत्र भक्ति में डूबा रहा।
रविवार को भी सुबह से ही उत्तर भारत से आने वाली ट्रेनों से मां के जयकारे लगाते श्रद्धालुओं के रेलवे स्टेशन मां के जयकारों से गुंजायमान रहा। इस बीच सुबह के समय धाम में श्रद्धालुओं की लंबी-लंबी लाइन लगती रही। मंदिर समिति के पूर्व उपाध्यक्ष नेत्र बल्लभ तिवारी ने बताया कि श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए समिति की ओर से मुख्य मंदिर में विभिन्न व्यवस्थाएं की गई है और रात-दिन 24 घंटे दर्शन के लिए स्वयंसेवक भी तैनात किए हैं। इधर, मां के दर्शन के बाद शारदा घाट में स्नान के लिए भी श्रद्धालु आते रहे। स्नान के बाद बैराज मार्ग होकर नेपाल के ब्रह्मदेव मंडी स्थित बाबा सिद्धनाथ के दर्शन को जाते रहे। इससे ब्रह्मदेव मंडी में भी खासी गहमा-गहमी रही।