पिथौरागढ़। न्यायालय सिविल जज सीनियर डिविजन न्यायिक मजिस्ट्रेट आरती सरोहा की अदालत ने लापरवाही से वाहन चलाकर चोटिल करने के दोषी को न्यायालय उठने तक की सजा सुनाई है। उसे चोटिल हुए व्यक्ति को पांच हजार रुपये प्रतिकर के रूप में देने होंगे।
मामले के अनुसार 16 मई 2022 को दीपक मखौलिया ने जाजरदेवल थाने में तहरीर दी। तहरीर में कहा कि उनके पिताजी जगदीश चंद्र मखौलिया सुबह बस्ते में सड़क पर पैदल चल रहे थे। इस दौरान चालक राजेंद्र सिंह धामी ने वाहन को तेजी के साथ लापरवाही से चलाकर टक्कर मार दी, जिससे वह चोटिल हो गए। तहरीर पर थाना जाजरदेवल पुलिस ने राजेंद्र सिंह धामी को गिरफ्तार कर उसके खिलाफ भारतीय दंड़ संहिता की धारा 279 और 337 के तहत मुकदमा दर्ज कर आरोप पत्र पिथौरागढ़ न्यायालय में दाखिल किया। तब से यह मामला न्यायालय में चल रहा था। इस पर मंगलवार को फैसला आया। न्यायालय ने सभी पक्षों और गवाहों को सुनने के बाद आरोपी राजेंद्र सिंह धामी को दोषी करार देते हुए भारतीय दंड संहिता की धारा 279 और 337 के आरोप में न्यायालय उठने तक की सजा से दंडित किया है। इसके अलावा दोषी को दंड प्रकिया संहिता की धारा 357 (तीन) के तहत चोटिल जगदीश चंद्र मखौलिया को पांच हजार रुपये प्रतिकर के रूप में 30 दिन के भीतर अदा करने को कहा।