थल/नाचनी। सीमांत जिले में लगातार हो रही बारिश ने आफत फैलाई है। भारी बारिश के बाद पर्यटन नगरी को जोड़ने वाली प्रमुख थल-मुनस्यारी सड़क 12 घंटे बंद रही। थल-बेड़ीनाग हाईवे पर तीन घंटे तक रफ्तार थमी रही। दोनों सड़कों पर सैकड़ों वाहन और यात्री फंसे रहे।
थल-मुनस्यारी सड़क पर हरड़िया के पास बीते शुक्रवार रात आठ बजे बारिश के बाद भारी मात्रा में मलबा और बोल्डर गिर गए। सड़क पर आवाजाही ठप हो गई। पहाड़ी से लगातार गिर रहे बोल्डरों के बीच सड़क को खोलना मुश्किल हुआ। सड़क नहीं खुली और सैकड़ों यात्री, वाहन फंसे रहे। कई वाहन चालकों और यात्रियों को वाहनों में बैठकर पूरी रात सड़क खुलने का इंतजार करना पड़ा तो कई वाहन चालक और यात्री थल लौटे। शनिवार सुबह आठ बजे मलबा और बोल्डर हटाकर हल्के वाहनों की आवाजाही शुरू कराई जा सकी। दोपहर बाद भारी वाहनों की आवाजाही शुरू होने से लोनिवि और वाहन चालकों को राहत मिली।
लोनिवि के अपर सहायक अभियंता कृष्ण सिंह पिपलिया ने बताया कि पहाड़ी से लगातार मलबा और बोल्डर गिरने से दिक्कत आ रही है। थल-बेड़ीनाग हाईवे भी लाल पहाड़ी के पास मलबा आने से शनिवार सुबह नौ बजे बंद हो गया। सड़क के दोनों तरफ वाहन फंसे रहे और यात्रियों को इनमें बैठकर आवाजाही शुरू होने का इंतजार करना पड़ा। तीन घंटे बाद लोनिवि ने मलबा हटाकर आवाजाही शुरू कराई तब जाकर यात्री और वाहन चालक गंतव्य को रवाना हुए।