पिथौरागढ़। पूर्व केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल कार्मिक संगठन के वार्षिक सम्मेलन में विभिन्न समस्याओं पर चर्चा की गई। नगर निगम सभागार में आयोजित सम्मेलन में संगठन के अध्यक्ष जगत सिंह सौन ने सदस्यों का स्वागत करते हुए कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि जनपद में बीएसएफ, सीआरपीएफ और सीआईएसएफ की यूनिट नहीं होने से इन बलों के सदस्यों को मदिरा की सुविधा नहीं मिल रही है।
उन्होंने मदिरा वितरण प्रणाली केंद्रीयकृत किए जाने की मांग उठाई। इसके अलावा प्रदेश और जनपद स्तर पर अर्धसैनिक बल निदेशालय की स्थापना किए जाने की मांग की गई। कहा कि वर्ष 2014 में तत्कालीन मुख्यमंत्री हरीश रावत ने सेना तरह अर्धसैनिकों को सभी सुविधाएं दिए जाने की घोषणा की थी। बावजूद इसके 10 वर्ष बीतने के बाद भी घोषणा को अमल में नहीं लाया गया है।
उन्होंने सेना को दिए जाने वाले एमएसपी की तर्ज पर उन्हें भी अर्धसैनिक सर्विस पे दिए जाने, सीसीएस नियम से हटाकर अलग नियम और मंत्रालय बनाए जाने, जिला स्तर पर सीजीएचएस की सुविधा दिए जाने की मांग उठाई। सम्मेलन में आय-व्यय का विवरण भी रखा गया। संचालन उपाध्यक्ष इंद्र चंद रजवार ने किया। इस मौके पर पूर्व डिप्टी कमांडेंट लक्ष्मण सिंह मेहता, सचिव छवि लाल वर्मा, जमन सिंह, रघुवीर सिंह, जगदीश चंद्र जोशी, आन सिंह महरा, पूरन सिंह रावत आदि मौजूद रहे।