उत्तराखंड की प्रथम लोक गायिका कबूतरी देवी के गाए हुए गीत रविवार को गूंजे। रामलीला मैदान में आयोजित सभा मेें हल्द्वानी, खटीमा, अल्मोड़ा, लोहाघाट, चंपावत, डीडीक्ट, दन्या से पहुंचे लोक कलाकारों ने गीत गाकर कबूतरी देवी को श्रद्धांजलि दी। सभा में शामिल वित्त मंत्री प्रकाश पंत ने हर साल कबूतरी देवी की याद में समारोह के आयोजन पर सहमति दी। दो मिनट का मौन रखा गया।
वित्त मंत्री ने कहा कि उत्तराखंड की प्रथम लोक गायिका कबूतरी देवी नेे अपने गीतों से लोक संस्कृति को जीवित रखा। कबूतरी देवी को वर्ष 2007 से राज्य सरकार मासिक पेंशन दे रही थी। कार्यक्रम में स्थानीय लोक कलाकारों ने तीन सूत्री मांग पत्र मंत्री को सौंपा। वित्त मंत्री ने हर साल श्रद्धांजलि कार्यक्रम के आयोजन के लिए आर्थिक अनुदान देने पर सहमति दी। जिला मुख्यालय में कबूतरी देवी के नाम पर एक नाली भूमि एवं भवन के निर्माण और कबूतरी देवी की बेटी हेमंती देवी को 10 लाख की सहायता उपलब्ध कराने के संबंध में उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया। लोक गायिका की पुत्री हेमंती देवी को भाजपा प्रदेश प्रवक्त सुरेश जोशी ने वाद्य यंत्र भेंट किया।
भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष केदार जोशी, पूर्व दर्जा राज्य मंत्री महेंद्र लुंठी, चांदनी इंटरप्राइजेज के नवीन टोलिया, लोक कलाकार नैननाथ रावल, प्रकाश रावत, राजकिशोर, सुरेश प्रसाद सुरीला, सुरेश राजन, गोविंद दिगारी, चंचल रावत, जीतेंद्र तोमक्याल, खुशी जोशी, मनोज रावत, भगवती दनपुरिया, मंगल चैहान, ज्योति राजन, प्रियंका राजन, नारायण सुराड़ी, चंद्र प्रकाश, तेज सिंह बिष्ट, हेमराज बिष्ट, राकेश देवलाल, राजेंद्र भट्ट, लक्ष्मी भट्ट, जनार्दन उप्रेती, दीवान वल्दिया, जुगल किशोर पांडेय आदि उपस्थित थे।
उध्ार, उत्तराखंड एससीएसटी इंपलाइज फेडरेशन ने भी लोक गायिका स्व.कबूतरी देवी को श्रद्धांजलि दी और उनकी पुत्री हेमंती देवी को शॉल ओढ़ाकर सम्मानित किया। यहां महेश मुरारी, दिनेश गंगोला, रवींद्र सिंह, डीआर गंगोला, पुष्कर राम, अनिल कुमार, उमा मुरारी, रेखा चंदोला आदि मौजूद रहे।