चंपावत/पिथौरागढ़/धारचूला/डीडीहाट/मुनस्यारी।। साल 2013 का आखिरी दिन लोगाें के लिए परेशानी बढ़ाने वाला रहा। मंगलवार को चंपावत में 19 घंटे से अधिक समय तक बिजली आपूर्ति ठप रही। इस कारण लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। वहीं, लोहाघाट में 33केवी विद्युत सब स्टेशन में फाल्ट आ जाने से सोमवार रात से ही शहर की विद्युत व्यवस्था अस्त-व्यस्त हो गई। मंगलवार सुबह बमुश्किल सुबह दस बजे विद्युत व्यवस्था बहाल हो पाई। जबकि डीडीहाट, धारचूला, मुनस्यारी तहसील के लोगों को भी बिजली कटौती का सामना करना पड़ा। ग्रामीणों ने बिजली कटौती बंद न होने पर आंदोलन की चेतावनी दी है।
जिला मुख्यालय के लोगों को सोमवार देर रात करीब डेढ़ बजे से अंधेरे में रात काटनी पड़ी। मंगलवार को भी दिनभर बत्ती गुल रही। साल के अंतिम दिन बिजली नहीं होने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। बादल और बारिश की वजह से दिन में भी अंधेरे का हाल रहा। मंगलवार शाम साढ़े छह बजे ही आपूर्ति सुचारू हो सकी। उत्तराखंड पावर कारपोरेशन लिमिटेड के चंपावत के अवर अभियंता जीसी पांडेय ने बताया कि सोमवार रात को सब स्टेशन में ट्रांसफार्मर का केबिल बॉक्स फट गया। जिससे विद्युत आपूर्ति बाधित हुई। वहीं लोहाघाट के उपखंड अधिकारी एचएस सौन के अनुसार ट्रांसफार्मर को ठीक करने के लिए सुबह से ही लोग लगे हुए थे। वहीं, धारचूला में सोमवार सुबह साढ़े आठ बजे से बिजली आपूर्ति ठप है। भाजपा नेता महेंद्र बुदियाल, ओम प्रकाश कापड़ी, वीरेंद्र नपलच्याल, राकेश तिवारी, दीपक बिष्ट ने इसके विरोध में चार जनवरी से आंदोलन का निर्णय लिया है। एसडीएम प्रमोद कुमार ने कहा कि विभाग से इस संबंध में जानकारी ली जाएगी। डीडीहाट में सोमवार को पहले शाम छह बजे से रात 9.30 बजे, बाद में रात 10 से एक बजे तक बिजली गुल रही। मंगलवार को भी सुबह चार बजे से दोपहर दो बजे तक सप्लाई ठप रही। राज्य आंदोलनकारी जोध सिंह बोरा ने आंदोलन की चेतावनी दी है। वहीं, मुनस्यारी में भी कटौती रही। भाजपा मंडल अध्यक्ष कवींद्र देवली, बसंती जोशी ने भी आंदोलन की बात कही है। ऊर्जा निगम के एसडीओ दर्पण सिंह निखुर्पा ने बताया कि कनालीछीना के पास लाइन बदली जा रही है।