मुनस्यारी के हरकोट गांव में वायरल पीड़ितों का इलाज करते चिकित्साकर्मी
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इस तहसील के दूरस्थ हरकोट गांव में 80 लोग बीमार हैं। वायरल फीवर की सूचना पर एसडीएम विवेक प्रकाश के आदेश पर शनिवार को डॉक्टरों और चिकित्साकर्मियों की टीम गांव पहुंची। सभी पीड़ितों को दवा दे दी गई है और छिड़काव के लिए फिनायल और ब्लीचिंग पाउडर उपलब्ध कराया गया। बताया गया कि वायरल फीवर का प्रकोप एक हफ्ते से शुरू हुआ। धीरे-धीरे इसने पूरे गांव को अपनी चपेट में ले लिया। लोगों को तेज बुखार, सीने में जकड़न, खांसी, सिरदर्द की शिकायत होने लगी। नजदीक में कोई अस्पताल न होने के कारण लोग दवा नहीं ले पाए।
एसडीएम ने चिकित्सा टीम के साथ राजस्व उपनिरीक्षक कमल उपाध्याय को भी साथ में भेजा। डॉक्टरों का कहना है कि बारिश के मौसम में वायरल फीवर की आशंका बढ़ जाती है। इसका मुख्य कारण प्रदूषित पानी होता है। इसके अलावा इस मौसम में तापमान में उतार-चढ़ाव आते रहते हैं। गांव के सभी पीड़ितों को दवा उपलब्ध कराई गई और खानपान में विशेष सावधानी बरतने को कहा गया। हल्का भोजन लेने, दही, मट्ठा का प्रयोग न करने, पानी उबालकर पीने की सलाह दी गई।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के प्रभारी डा. हेमंत मर्तोलिया ने बताया कि सभी को दवा दे दी गई है। जल्दी ही स्थिति नियंत्रण में आ जाएगी। लोगों का इलाज करते समय फार्मेसिस्ट वीरेंद्र सयाना, लक्ष्मण राम मौजूद थे। बीमार लोगों से कहा गया है कि बुखार एवं अन्य परेशानी दूर होने तक नियमित दवाएं लेते रहें।